
राजधानी रायपुर के लाभांडी स्थित आबकारी भवन के तीसरी मंजिल पर शनिवार रात करीब 8:30 बजे आग लग गई। आग छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CSMCL) के ऑडिट रूम में लगी थी। घटना के बाद मौके पर मौजूद स्टाफ और दमकल विभाग की टीम ने आग पर समय रहते काबू पा लिया।
आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया
CSMCL के महाप्रबंधक ने आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट को बताया। उन्होंने बताया कि आग से कार्यालय में रखे कंप्यूटर, प्रिंटर और UPS जल गए, लेकिन महत्वपूर्ण दस्तावेज पूरी तरह सुरक्षित रहे क्योंकि वे लोहे की आलमारी में बंद थे। घटना के बाद अधिकारियों ने स्थिति का निरीक्षण किया और दस्तावेजों को किसी प्रकार का नुकसान नहीं पाया।
आग की सूचना पर तत्काल कार्रवाई
आग की सूचना रात में ड्यूटी पर तैनात गार्ड ने दी। गार्ड ने जलने की गंध महसूस करने के बाद स्टाफ को तुरंत सूचित किया। इसके बाद, कर्मचारियों ने अग्निरोधक उपकरणों का इस्तेमाल करके आग पर काबू पाया। कुछ ही देर में दमकल विभाग की दो गाड़ियां भी मौके पर पहुंची और आग बुझाने में मदद की।
महत्वपूर्ण दस्तावेजों को कोई नुकसान नहीं
महाप्रबंधक ने बताया कि आग के कारण केवल कंप्यूटर, प्रिंटर और UPS प्रभावित हुए, लेकिन कोई भी महत्वपूर्ण दस्तावेज जलकर नष्ट नहीं हुआ। फाइलें लोहे की आलमारियों में सुरक्षित रखी गई थीं, इसलिए उन्हें कोई नुकसान नहीं हुआ। अग्नि काबू पाने के बाद 8 फरवरी को एक और निरीक्षण किया गया, जिसमें दस्तावेजों के सुरक्षित होने की पुष्टि हुई।
जांच समिति का गठन
CSMCL के एमडी ने इस घटना की जांच के लिए एक पांच सदस्यीय समिति गठित की है। समिति 7 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट तैयार कर आबकारी सचिव को सौंपेगी। जांच में आग के कारणों और नुकसान का पूरा विवरण प्रस्तुत किया जाएगा।
विपक्ष ने उठाए सवाल
आग की घटना के समय विभाग का महत्वपूर्ण ऑडिट कार्य सोमवार से शुरू होने वाला था। आग ऑडिट रूम में ही लगी, जिससे विपक्ष ने सवाल उठाए हैं। विपक्ष का आरोप है कि ऑडिट से ठीक पहले इस प्रकार की घटना संदिग्ध प्रतीत होती है। हालांकि सरकार का कहना है कि यह केवल एक दुर्घटना थी और किसी प्रकार की साजिश नहीं है।
पुलिस और एफएसएल टीम की जांच
घटना के बाद पुलिस और फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की टीम मौके पर पहुंची और आग के कारणों की जांच शुरू की। तेलीबांधा थाना क्षेत्र में हुई इस घटना की जांच अब भी जारी है। प्रशासन का कहना है कि आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी, लेकिन जांच रिपोर्ट आने के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
सरकार की सफाई
सरकार ने इस घटना पर सफाई देते हुए कहा कि 7 फरवरी को आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी। प्रेस नोट में यह स्पष्ट किया गया कि आग से दस्तावेजों को कोई नुकसान नहीं हुआ और सभी फाइलें सुरक्षित रहीं। अधिकारियों ने यह भी बताया कि केवल कुछ इलेक्ट्रॉनिक सामान प्रभावित हुए, जबकि अन्य कोई सामग्री या कक्ष इससे प्रभावित नहीं हुआ।
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