धमतरी की 100 साल पुरानी वनोपज मंडी फिर होगी गुलजार, जानिए कब से शुरू होगी खरीदी, बिकेंगे औषधीय उत्पाद और वनोपज

Dhamtari Forest Produce Market: छत्तीसगढ़ के ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत धमतरी जिले की पहचान और व्यापारिक विरासत से जुड़ी करीब 100 वर्ष पुरानी वनोपज मंडी एक बार फिर शुरू होने जा रही है। श्यामतराई स्थित कृषि उपज मंडी परिसर में अब हर सोमवार को वनोपज और औषधीय उत्पादों के नियमित क्रय-विक्रय के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। इस पहल से जिले के वनांचल और ग्रामीण इलाकों में वनोपज तथा औषधीय जड़ी-बूटियों का संग्रहण करने वाले किसानों और संग्राहकों को स्थानीय स्तर पर ही एक बड़ा बाजार उपलब्ध होगा।

श्यामतराई मंडी परिसर का शेड नंबर-1 वनोपज के लिए आरक्षित

Shyamtarai Mandi Dhamtari: कृषि उपज मंडी समिति धमतरी ने श्यामतराई मंडी परिसर के शेड क्रमांक-01 में पोल क्रमांक 04 से 08 तक के हिस्से को वनोपज और औषधीय उत्पादों की बिक्री के लिए आरक्षित कर दिया है। यहां प्रत्येक सोमवार को सुबह 10 बजे से कार्य समाप्ति तक खरीदी-बिक्री की प्रक्रिया चलेगी। ग्रामीण क्षेत्रों के संग्राहक और किसान अपनी उपज लेकर सीधे इस मंडी में पहुंच सकेंगे, जहां व्यापारी उनसे पारदर्शी दरों पर उत्पाद खरीदेंगे।

बस्तर और जगदलपुर पर निर्भरता होगी कम: कलेक्टर अबिनाश मिश्रा

CG Forest Commerce Update: धमतरी कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने बताया कि पुरानी वनोपज मंडी को पुनर्जीवित करने का मुख्य उद्देश्य संग्राहकों को उनकी उपज का वाजिब दाम दिलाना और दूर-दराज के बाजारों पर निर्भरता खत्म करना है। अब तक स्थानीय उत्पादकों और व्यापारियों को अपनी उपज बेचने के लिए बस्तर और जगदलपुर जैसे दूरस्थ व्यापारिक केंद्रों पर निर्भर रहना पड़ता था। धमतरी में ही मंडी शुरू होने से उनके परिवहन समय और भाड़े में भारी बचत होगी।

फूड प्रोसेसिंग और मूल्य संवर्धन को दिया जाएगा बढ़ावा

Dhamtari Collector Abinash Mishra Decision: जिला प्रशासन की योजना केवल कच्चे उत्पादों की बिक्री तक सीमित नहीं है, बल्कि वनोपज पर आधारित खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) और मूल्य संवर्धन (वैल्यू एडिशन) की इकाइयां स्थापित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। स्थानीय स्तर पर ही संग्रहण, ग्रेडिंग, पैकेजिंग और प्रसंस्करण की पूरी श्रृंखला तैयार की जाएगी। इससे वनोपज पर निर्भर ग्रामीण परिवारों की आय बढ़ेगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार तथा स्वरोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

व्यापारी संघ ने दी सहमति, ग्राम पंचायतों में कराई जाएगी मुनादी

मंडी समिति द्वारा आयोजित बैठक में वनोपज व्यापारी संघ के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और मंडी परिसर में आने वाले कृषकों व संग्राहकों से वनोपज खरीदने पर पूर्ण सहमति जताई। योजना का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए धमतरी तहसील की सभी ग्राम पंचायतों में मुनादी और प्रचार-प्रसार के जरिए ग्रामीणों को जागरूक किया जाएगा।

धमतरी की पारंपरिक व्यापारिक साख को मिलेगा नया विस्तार

भौगोलिक दृष्टि से धमतरी मैदानी और वनांचल क्षेत्रों के बीच एक प्रमुख व्यापारिक केंद्र रहा है। मंडी के दोबारा चालू होने से धमतरी की पुरानी व्यापारिक साख फिर से बहाल होगी। स्थानीय प्रशासन को उम्मीद है कि इस कदम से जिले की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और छत्तीसगढ़ के स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का मार्ग प्रशस्त होगा।

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Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

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