
बिलासपुर: CG E-Hearing Consumer Court: छत्तीसगढ़ में उपभोक्ताओं को अब न्याय के लिए लंबी कोर्ट की लाइनों में नहीं लगना पड़ेगा। राज्य को सोमवार को अपना पहला ई-हियरिंग उपभोक्ता कोर्ट मिल गया है। इस डिजिटल उपभोक्ता न्यायालय का शुभारंभ छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति गौतम चौरडिया ने बिलासपुर में किया।
डिजिटल कोर्ट से मिलेगा त्वरित न्याय
उद्घाटन समारोह में बोलते हुए न्यायमूर्ति चौरडिया ने कहा कि आम लोगों को अब न्याय के लिए सड़कों पर उतरने की ज़रूरत नहीं होगी। डिजिटल सिस्टम से त्वरित और पारदर्शी न्याय सुनिश्चित किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि सरकार न्याय व्यवस्था पर बड़ा खर्च करती है, इसलिए इससे जुड़े सभी पक्षों की जिम्मेदारी बनती है कि न्याय को और प्रभावी और तेज़ बनाया जाए।
सभी को मिलकर करनी होगी पहल
जस्टिस चौरडिया ने कोर्ट में मौजूद अधिवक्ताओं, नागरिकों और छात्रों से अपील करते हुए कहा कि लंबित मामलों को निपटाने और न्यायिक प्रक्रिया को सरल बनाने में सभी का सहयोग जरूरी है। यह ई-हियरिंग सिस्टम उसी दिशा में एक बड़ा कदम है।
लंबित मामलों में आई कमी
इस मौके पर बिलासपुर उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष ए.के. सिंघल ने कहा कि न्यायमूर्ति चौरडिया के प्रयासों से आयोग में लंबित उपभोक्ता मामलों में काफी हद तक कमी आई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा मामलों का निपटारा तेज़ी से हो रहा है और आगे भी इस प्रक्रिया को और बेहतर किया जाएगा।
कार्यक्रम में कौन-कौन रहा मौजूद?
इस शुभारंभ कार्यक्रम में जिला न्यायालय और हाईकोर्ट से जुड़े कई अधिवक्ता, विधि के छात्र-छात्राएं, न्यायालय के कर्मचारी और कई सम्मानित नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन आयोग के सदस्य आलोक पांडेय ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन सदस्य पूर्णिमा सिंह ने किया। अब देखना होगा कि यह डिजिटल पहल उपभोक्ताओं को कितना राहत देती है और छत्तीसगढ़ में न्यायिक प्रणाली में कितनी तेजी और पारदर्शिता आती है।



