
रायपुर: CG Plotting New Rules: प्रदेश सरकार ने रियल एस्टेट सेक्टर और आम जनता के लिए बड़ा कदम उठाया है। किफायती जन आवास योजना-2025 के तहत दूसरी अधिसूचना जारी की गई है। अब 2 एकड़ जमीन पर भी कॉलोनी विकसित की जा सकेगी, जबकि पहले इसके लिए 3.25 एकड़ भूमि की आवश्यकता होती थी। सरकार का दावा है कि इस बदलाव से मकान और प्लॉट की कीमतों में 25% तक की कमी आएगी और अवैध प्लॉटिंग पर रोक लगेगी।
प्लॉट और मकान होंगे 25% तक सस्ते
यह बदलाव प्रदेश में पहली बार हुआ है। इससे प्लॉटिंग आसान होगी और मकानों की कीमतें 15 से 25 प्रतिशत तक घटेंगी।
क्रेडाई छत्तीसगढ़ के अनुसार, नई नीति से मिडिल क्लास परिवारों के लिए घर खरीदना आसान होगा और उनका “अपना घर” का सपना पूरा होने की संभावना बढ़ेगी।
छोटे डेवलपर्स को मिलेगा मौका
CG Affordable Public Housing Scheme-2025: नई अधिसूचना का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब छोटे डेवलपर्स और बिल्डर्स भी रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स में शामिल हो सकेंगे। पहले बड़ी जमीन की अनिवार्यता के कारण छोटे निवेशक पीछे रह जाते थे, लेकिन अब 2 से 10 एकड़ जमीन पर भी कॉलोनी विकसित करने की अनुमति होगी। टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग इन प्रोजेक्ट्स के लेआउट को मंजूरी देगा, जिससे अवैध प्लॉटिंग पर रोक लगेगी और लोगों को कानूनी व विवाद-मुक्त संपत्ति खरीदने का भरोसा मिलेगा।
सिंगल विंडो सिस्टम से घटेगी प्रोजेक्ट लागत
क्रेडाई छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आनंद सिंघानिया ने बताया कि नई अधिसूचना से रियल एस्टेट सेक्टर में पारदर्शिता और गति दोनों आएंगे। उन्होंने कहा, “अब छोटे क्षेत्रफल पर भी प्लॉट डेवलप करने की छूट मिल रही है, जिससे जमीन की कीमतें 15 से 25 फीसदी तक घटेंगी। सिंगल विंडो सिस्टम से प्रोजेक्ट्स समय पर पूरे होंगे और खरीदारों को कम दाम में मकान मिल सकेंगे।”
पहली अधिसूचना के बाद किए गए अहम सुधार
राज्य सरकार ने पहली अधिसूचना 24 जून 2025 को जारी की थी, जिसका उद्देश्य अवैध प्लॉटिंग पर नियंत्रण था।
अब अक्टूबर में जारी दूसरी अधिसूचना में जन सुझावों को शामिल करते हुए कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। पहले कॉलोनी विकास के लिए 9 मीटर चौड़ी सड़क अनिवार्य थी, अब इसे 7.5 मीटर कर दिया गया है।
इसके अलावा, अब कमर्शियल जमीन पर स्टाफ क्वार्टर बनाने की अनुमति भी दी गई है, जो पहले प्रतिबंधित थी।
आम जनता को मिलेगा सस्ते मकान का लाभ
इस योजना का सबसे बड़ा फायदा आम नागरिकों को मिलेगा।
अब कम दाम में छोटे प्लॉट और किफायती मकान उपलब्ध होंगे, जिससे अधिक लोगों की आवासीय योजनाओं तक पहुंच बढ़ेगी। विशेषज्ञों का कहना है कि जब जमीन की कीमत घटेगी, तो उस पर बनने वाले मकान और फ्लैट की लागत भी कम होगी। साथ ही, नई नीति से अवैध कॉलोनियों का निर्माण रुकेगा और सभी प्रोजेक्ट्स को वैध रूप से पंजीकृत किया जाएगा।सरकार का दावा है कि इससे खरीदारों को कानूनी सुरक्षा और बेहतर आवास विकल्प दोनों मिलेंगे।
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