
छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के स्वास्थ्य को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। डॉ. सिंह की कमर की हड्डी का आज तमिलनाडु के कोयंबटूर में एक बड़ा ऑपरेशन (मेजर सर्जरी) होने जा रहा है। वे सोमवार को ही रायपुर से कोयंबटूर के लिए रवाना हो गए थे। वहां के विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनकी जांच और उपचार कर रही है। पिछले कुछ समय से डॉ. रमन सिंह कमर दर्द की समस्या से जूझ रहे थे, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें सर्जरी की सलाह दी थी। इस चिकित्सकीय अवकाश के कारण वे विधानसभा के जारी बजट सत्र में उपस्थित नहीं रह पाएंगे।
अनुभवी नेताओं को सौंपी गई सदन चलाने की कमान
विधानसभा के महत्वपूर्ण बजट सत्र के दौरान अध्यक्ष की अनुपस्थिति को देखते हुए सदन के संचालन के लिए नई और वैकल्पिक व्यवस्था की गई है। डॉ. रमन सिंह की गैरमौजूदगी में वरिष्ठ विधायक धरमलाल कौशिक और धर्मजीत सिंह मुख्य भूमिका निभाएंगे। ये दोनों ही नेता विधायी कार्यों का लंबा अनुभव रखते हैं और पूर्व में भी महत्वपूर्ण पदों पर रह चुके हैं। प्रश्नकाल से लेकर ध्यानाकर्षण सूचनाओं तक, सदन की गरिमा को बनाए रखते हुए पूरी कार्यप्रणाली का जिम्मा अब इन्हीं दोनों दिग्गज नेताओं के कंधों पर होगा।
सुचारू विधायी कार्यों के लिए सभापति तालिका का गठन
सदन की कार्यवाही में किसी भी तरह का व्यवधान न आए, इसके लिए एक विशेष ‘सभापति तालिका’ (Panel of Chairmen) भी तैयार की गई है। यह तालिका जरूरत पड़ने पर धरमलाल कौशिक और धर्मजीत सिंह को सहयोग प्रदान करेगी। विधानसभा सचिवालय द्वारा की गई इस औपचारिक व्यवस्था का उद्देश्य बजट सत्र के दौरान होने वाली चर्चाओं और महत्वपूर्ण सरकारी विधेयकों को बिना किसी रुकावट के संपन्न कराना है। राज्य सरकार और विपक्ष दोनों ने ही इस नई व्यवस्था पर सहमति जताई है ताकि विधायी कामकाज सुचारू रूप से चलता रहे।



