
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में मोदी सरकार 3.0 का बजट पेश करते हुए आम जनता को बड़ी राहत दी है। अपने लगातार 9वें बजट भाषण में उन्होंने कई महत्वपूर्ण वस्तुओं पर आयात शुल्क (Custom Duty) घटाने का ऐलान किया। सरकार का मुख्य फोकस उन चीजों पर है जिनका निर्माण भारत में होता है, ताकि घरेलू उद्योगों को बढ़ावा मिल सके। बेसिक कस्टम ड्यूटी में छूट के चलते अब कपड़े, चमड़े के सामान और इलेक्ट्रॉनिक पुर्जों की कीमतों में गिरावट आएगी, जिससे मध्यम वर्ग की मासिक बचत बढ़ सकती है।
मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक्स होंगे सस्ते
गैजेट्स के शौकीनों के लिए यह बजट अच्छी खबर लेकर आया है। सरकार ने मोबाइल फोन के पार्ट्स और लिथियम आयन सेल पर लगने वाली ड्यूटी कम कर दी है। इसके अलावा मोबाइल की बैटरियों पर भी टैक्स घटाया गया है, जिससे आने वाले दिनों में स्मार्टफोन की कीमतों में कमी आने की उम्मीद है। वहीं माइक्रोवेव ओवन और ईवी (इलेक्ट्रिक वाहन) के पुर्जे सस्ते होने से घरों में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों और पर्यावरण अनुकूल वाहनों की पहुंच आम आदमी तक आसान हो जाएगी।
इलाज और पढ़ाई हुई किफायती
सेहत और शिक्षा के मोर्चे पर सरकार ने बड़े कदम उठाए हैं। कैंसर और शुगर जैसी गंभीर बीमारियों की 17 जरूरी दवाओं को पूरी तरह ड्यूटी फ्री कर दिया गया है। इसके अलावा विदेश में पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए टीसीएस (TCS) की दर को 5% से घटाकर मात्र 2% कर दिया गया है, जिससे विदेश जाकर शिक्षा लेना अब सस्ता होगा। खेल प्रेमियों के लिए भी राहत की बात है क्योंकि स्पोर्ट्स आइटम पर लगने वाले टैक्स में भी कटौती की गई है।
क्या-क्या हुआ सस्ता (पूरी लिस्ट)
बजट 2026 की घोषणाओं के बाद इन सामानों की कीमतों में कमी आएगी:
- पहनावा: कपड़े, लेदर के जूते, बैग और सिंथेटिक फुटवियर।
- इलेक्ट्रॉनिक्स: मोबाइल फोन, लिथियम आयन बैटरी और माइक्रोवेव ओवन।
- स्वास्थ्य: कैंसर और शुगर की दवाएं, चिकित्सा उपकरण।
- ऊर्जा: सोलर ग्लास और इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के पुर्जे।
- अन्य: स्पोर्ट्स का सामान, मिक्स्ड गैस सीएनजी और विमान ईंधन।
महंगी हुई वस्तुओं की विस्तृत सूची
- तंबाकू उत्पाद: गुटखा, ज़र्दा और चबाने वाला तंबाकू (NCCD 25% से बढ़कर 60%)।
- ट्रेडिंग: स्टॉक ऑप्शन और फ्यूचर्स ट्रेडिंग पर STT (0.02% से बढ़कर 0.05%)।
- आयातित वस्तुएं: छाते और उनके पार्ट्स, रेफ्रिजरेटेड कंटेनर (5% ड्यूटी)।
- फल और उत्पाद: क्रैनबेरी, ब्लूबेरी और इनसे बने उत्पादों पर ड्यूटी में बढ़ोतरी।
- रसायन: पोटेशियम हाइड्रॉक्साइड (ड्यूटी अब 7.5%)।
- बिक्री पर टैक्स: शराब, मिनरल्स और स्क्रैप पर TCS (1% से बढ़कर 2%)।
मध्यम वर्ग और निर्यात को मिलेगा बढ़ावा
वित्त मंत्री ने साफ किया कि लेदर और टेक्सटाइल सेक्टर के एक्सपोर्ट को ड्यूटी फ्री करने से भारतीय माल अंतरराष्ट्रीय बाजार में ज्यादा प्रतिस्पर्धी बनेगा। डिफेंस सेक्टर में भी कस्टम ड्यूटी में छूट दी गई है, जिससे रक्षा उपकरणों का निर्माण सस्ता होगा। व्यक्तिगत उपयोग के लिए विदेश से मंगाई जाने वाली वस्तुओं पर टैरिफ रेट को 20% से घटाकर 10% कर दिया गया है। इन सभी फैसलों का सीधा फायदा उन लोगों को मिलेगा जो ब्रांडेड जूते, कपड़े और आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करते हैं।



