
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से एक रूह कंपा देने वाली खबर सामने आई है। रविवार की शाम शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र के सुभाष नगर वार्ड में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक 17 साल की नाबालिग लड़की ने मौत को गले लगा लिया। कांटा तालाब के पास स्थित करीब 50 फीट ऊंची पानी की टंकी से कूदकर किशोरी ने अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। इस खौफनाक मंजर को जिसने भी देखा उसकी रूह कांप गई। घटना के बाद से पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मोबाइल पर बात करते हुए टंकी पर चढ़ी रागिनी
मृतक किशोरी की पहचान सुभाष नगर निवासी रानू उर्फ रागिनी श्रीवास्तव के रूप में हुई है। चश्मदीदों के मुताबिक रागिनी रविवार शाम को मोबाइल फोन पर किसी से बात कर रही थी। बात करते-करते वह अचानक पानी की टंकी की सीढ़ियां चढ़ने लगी। लोगों को लगा कि शायद वह नेटवर्क के लिए ऊपर जा रही है लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि वह ऐसा आत्मघाती कदम उठा लेगी। टंकी के ऊपरी हिस्से पर पहुंचने के कुछ ही देर बाद उसने नीचे छलांग लगा दी।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही हो गई मौत
ऊंचाई से गिरने के कारण रागिनी को सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। जमीन पर गिरते ही वह लहूलुहान हो गई और मौके पर ही उसने दम तोड़ दिया। वहां मौजूद स्थानीय लोग तुरंत उसे उठाकर जिला अस्पताल ले गए लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों का कहना है कि सिर में गहरी चोट लगने और अंदरूनी रक्तस्राव की वजह से अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी सांसें थम चुकी थीं।
नगर निगम की लापरवाही पर भड़के लोग
इस हृदयविदारक घटना के बाद स्थानीय निवासियों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। वार्ड के लोगों का आरोप है कि कांटा तालाब स्थित यह पानी की टंकी लंबे समय से असुरक्षित है। इससे पहले भी कुछ लोग इस पर चढ़कर जान देने की कोशिश कर चुके हैं। इसके बावजूद नगर निगम प्रशासन ने टंकी की सीढ़ियों पर कोई सुरक्षा घेरा या दरवाजा नहीं लगाया है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते यहां कोई प्रतिबंधात्मक व्यवस्था की गई होती तो आज एक मासूम की जान बच सकती थी।
पुलिस खंगाल रही है मोबाइल रिकॉर्ड
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। सीएसपी अभिषेक चतुर्वेदी ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह आत्महत्या का मामला लग रहा है। पुलिस ने रागिनी का मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया है। कॉल रिकॉर्ड्स और मैसेज की जांच की जा रही है ताकि यह पता चल सके कि वह आखिरी बार किससे बात कर रही थी और किन परिस्थितियों ने उसे इतना बड़ा कदम उठाने पर मजबूर किया। फिलहाल पुलिस परिजनों और सहेलियों से भी पूछताछ कर रही है।
किशोरों में बढ़ते तनाव पर विशेषज्ञों की चिंता
धमतरी की इस घटना ने एक बार फिर किशोर उम्र के बच्चों में बढ़ते मानसिक तनाव और भावनात्मक अस्थिरता को लेकर चर्चा छेड़ दी है। मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि छोटी-छोटी बातों पर आवेश में आकर ऐसे कदम उठाना बेहद चिंताजनक है। सोशल मीडिया और आपसी रिश्तों का दबाव कई बार किशोरों के लिए जानलेवा साबित होता है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मोबाइल फॉरेंसिक जांच के बाद ही इस खुदकुशी के पीछे की असली वजह साफ हो पाएगी।



