पैसेंजर ट्रेन के यात्रियों की बढ़ी परेशानी, 27 फरवरी तक नहीं चलेगी ट्रेन

छत्तीसगढ़ में पैसेंजर ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी समस्या सामने आई है। रेलवे ने 9 फरवरी से लेकर 27 फरवरी तक कई पैसेंजर ट्रेनों को रद्द करने का निर्णय लिया है। इस दौरान यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा, क्योंकि कुल 19 दिन तक ये ट्रेनें बंद रहेंगी।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार, बस्तर जिले में स्थित किरंदुल-कोत्तावालसा रेललाइन पर दंतेवाड़ा से किरंदुल तक 9 से 27 फरवरी तक ट्रेन सेवाएं प्रभावित रहेंगी। इसके पीछे कारण है, भांसी और बचेली रेललाइन के समेली घाट सेक्शन में दोहरीकरण का काम चलना। इस कारण दंतेवाड़ा से किरंदुल तक ट्रेन सेवाएं पूरी तरह से बाधित होंगी।

इन ट्रेनों का रहेगा संचालन

इन 19 दिनों के दौरान, किरंदुल से विशाखापत्तनम जाने वाली दोनों प्रमुख यात्री ट्रेनें – किरंदुल-विशाखापत्तनम पैसेंजर (गाड़ी संख्या 58501-58502) और किरंदुल-विशाखापत्तनम नाइट एक्सप्रेस (गाड़ी संख्या 18513-18514) केवल दंतेवाड़ा तक ही चलेंगी। इसका मतलब यह है कि इन ट्रेनों का पूरा संचालन 27 फरवरी तक रद्द रहेगा और यात्री दंतेवाड़ा तक ही यात्रा कर सकेंगे। हालांकि, मालगाड़ियों का परिचालन पहले की तरह जारी रहेगा।

क्यों हो रही है ट्रेन सेवा में बाधा?

इस परेशानी का कारण बस्तर जिले में कमलूर से बचेली तक दोहरी लाइन बिछाने का काम है। इस सेक्शन के 9.48 किलोमीटर हिस्से में काम पूरा हो चुका है, लेकिन अब बचेली से किरंदुल के बीच लगभग 42 किलोमीटर का रेलखंड में दोहरीकरण का कार्य किया जा रहा है। खास बात यह है कि किरंदुल से जैपुर के बीच स्थित दंतेवाड़ा-किरंदुल रेलखंड को नक्सल प्रभावित क्षेत्र माना जाता है, जिसके कारण यह काम थोड़ा चुनौतीपूर्ण है।

रेलवे के अधिकारियों के मुताबिक, इस कार्य की सुरक्षा जांच के लिए 27 फरवरी को कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) का निरीक्षण प्रस्तावित है। दोहरीकरण का काम पूरा होने के बाद रेलसेवा को और भी सुगम बनाया जाएगा।

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Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

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