
CG Mahtari Vandan Yojana CSC Centers Seized: छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी महतारी वंदन योजना के नाम पर अवैध उगाही करने वालों के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। ई-केवायसी (e-KYC) प्रक्रिया के दौरान हितग्राहियों से पैसे वसूलने की शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए महासमुंद जिला प्रशासन ने 4 सीएससी (CSC) केंद्रों को सील कर दिया है। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह के कड़े निर्देश के बाद जांच टीम ने अनियमितता पाए जाने पर इन केंद्रों की आईडी तत्काल प्रभाव से ब्लॉक कर दी है। प्रशासन की इस सख्ती से उन लोगों में हड़कंप मच गया है जो सरकारी सेवा के बदले मासूम महिलाओं से पैसे ऐंठ रहे थे।
वसूली करने वाले संचालकों की आईडी ब्लॉक, प्रशासन ने दिखाई सख्ती
जांच टीम ने सरायपाली और बसना क्षेत्र में औचक निरीक्षण किया जहां कई गंभीर शिकायतें सही पाई गईं। जिन संचालकों के खिलाफ कार्रवाई हुई है उनमें परशुराम रात्रे, राजू बरिहा, नरहरि कुमार और वृंदावती भोई शामिल हैं। इन सभी की आईडी स्थायी रूप से बंद करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र महिलाओं तक बिना किसी बाधा के पहुंचना चाहिए। अगर कोई भी बिचौलिया या केंद्र संचालक नियमों के विरुद्ध जाकर शुल्क मांगता है तो उस पर एफआईआर तक दर्ज कराई जाएगी।
मुफ्त है ई-केवायसी: एक रुपया भी देना नियमों के खिलाफ
प्रशासन ने आम जनता के लिए एक जरूरी सूचना जारी करते हुए फिर से दोहराया है कि महतारी वंदन योजना के तहत ई-केवायसी की पूरी प्रक्रिया बिल्कुल मुफ्त है। इसके लिए किसी भी हितग्राही को एक भी रुपया देने की जरूरत नहीं है। ई-केवायसी का उद्देश्य केवल महिलाओं की पहचान का सत्यापन करना है ताकि योजना की राशि सीधे उनके बैंक खाते में सुरक्षित रूप से पहुंच सके। जो केंद्र संचालक पोर्टल एक्सेस का फायदा उठाकर पैसे मांग रहे हैं वे सीधे तौर पर भ्रष्टाचार कर रहे हैं।
सरायपाली और बसना में मचा हड़कंप, केंद्रों को दी गई चेतावनी
महासमुंद जिले के इन क्षेत्रों में हुई कार्रवाई के बाद अब अन्य केंद्र संचालकों को भी सख्त हिदायत दी गई है। विभाग की ओर से सभी केंद्रों को स्पष्ट आदेश है कि वे निर्धारित दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी ऐसी अनियमितताओं पर नजर रखने के लिए विशेष टीमें सक्रिय रहेंगी। जो केंद्र संचालक अपनी आईडी का गलत इस्तेमाल करेंगे या महिलाओं को गुमराह करेंगे उनके लाइसेंस हमेशा के लिए निरस्त कर दिए जाएंगे।
अवैध वसूली होने पर कहां और कैसे करें शिकायत?
यदि किसी भी ग्राम पंचायत, वार्ड कार्यालय या सीएससी केंद्र पर ई-केवायसी के नाम पर पैसों की मांग की जाती है तो हितग्राही खामोश न रहें। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे ऐसे मामलों की जानकारी तुरंत संबंधित ब्लॉक कार्यालय या जिला कलेक्ट्रेट में दें। आप अपने क्षेत्र के तहसील कार्यालय या जनपद पंचायत कार्यालय में भी लिखित शिकायत दर्ज करा सकते हैं। आपकी सजगता ही इस अवैध वसूली को रोकने में सबसे बड़ी भूमिका निभाएगी।
सरकार का लक्ष्य: पात्र महिलाओं को बिना परेशानी मिले हक
महतारी वंदन योजना का लाभ प्रदेश की हजारों महिलाओं को मिल रहा है। इस योजना के जरिए महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की कोशिश की जा रही है। ऐसे में प्रशासन यह सुनिश्चित करना चाहता है कि ई-केवायसी या अन्य तकनीकी कारणों से किसी भी महिला को परेशानी न हो। विशेष टीम अब लगातार केंद्रों की निगरानी करेगी ताकि दोबारा ऐसी शिकायत न आए। प्रशासन ने जनता से आग्रह किया है कि वे किसी भी बहकावे में न आएं और केवल अधिकृत केंद्रों पर जाकर ही अपनी ई-केवायसी की प्रक्रिया पूरी करें।



