
रायपुर। CG Assembly Monsoon Session 2025: छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र के तीसरे दिन विपक्ष ने प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) में कथित गड़बड़ियों को लेकर सरकार को घेरा। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने योजना में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए इसकी जांच सीबीआई से कराने की मांग की।
डॉ. महंत ने सदन में कहा कि कोटा और मनेंद्रगढ़ जैसे क्षेत्रों में कई ऐसे आवासों को पूर्ण बताया गया है जो अब तक अधूरे हैं। उन्होंने सुशासन तिहार के दौरान सामने आईं हजारों शिकायतों का हवाला देते हुए कहा कि मृतकों के नाम पर भुगतान, दुकानों में तब्दील मकान और जशपुर समेत कई जिलों में भारी अनियमितताएं पाई गई हैं।
नेता प्रतिपक्ष ने तखतपुर, कुकदूर (कबीरधाम), और सक्ती जैसे क्षेत्रों का ज़िक्र करते हुए कहा कि आवास दिलाने के बदले अवैध वसूली की गई है। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री ने खुद कहा था कि जहां शिकायतें मिलेंगी, वहां ज़िम्मेदार कलेक्टर पर कार्रवाई होगी, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।”
PM आवास में कथित गड़बड़ियों की CBI जांच की मांग
डॉ. महंत ने जोर देकर कहा कि राज्य सरकार या EOW जैसी एजेंसियां इस मामले में निष्पक्ष जांच नहीं कर पाएंगी, इसलिए इसकी CBI से जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में आवास निर्माण की प्रक्रिया और फंड के वितरण में पारदर्शिता लाने के लिए केंद्रीय एजेंसी की जांच आवश्यक है।
मनरेगा भुगतान पर भी सवाल
महंत ने मनरेगा के अंतर्गत मजदूरी भुगतान में देरी का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजापुर सहित कई जिलों में अब तक मजदूरी का भुगतान नहीं हुआ है, जबकि सरकार का दावा है कि 30 जून तक सभी भुगतान निपटा दिए गए हैं। इस पर पंचायत मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि “अगर कहीं भुगतान में गड़बड़ी है तो उसकी जानकारी दें, कार्रवाई होगी।”
AI को लेकर तकरार
विधानसभा में AI डेटा को लेकर भी बहस छिड़ गई। महंत ने कहा कि सरकार AI आंकड़ों को नकार रही है, जबकि ये आंकड़े ज़मीनी हकीकत को दर्शाते हैं। विधानसभा अध्यक्ष ने इस पर टिप्पणी की कि “AI की रिपोर्टें 100% भरोसेमंद नहीं होतीं।”
सदन में हंगामा और तीखी बहस
विजय शर्मा ने कहा कि “जिन्होंने पहले इस योजना को ठुकराया, वे अब सवाल कर रहे हैं”, पर विपक्ष भड़क उठा और सदन में हंगामा शुरू हो गया। इसी बीच नोकझोंक के दौरान डॉ. महंत ने कहा कि “राज्य सरकार खुद भ्रष्टाचार की जांच नहीं कर सकती”, इसलिए CBI जांच की मांग जरूरी है।
फोटो दिखाकर उठाया सवाल, कहा ‘बेवकूफ’ बना रहे है
CG Assembly 2025: महंत ने अधूरे बने आवास की तस्वीरें सदन में दिखाईं और कहा कि ये फोटो मुख्यमंत्री और विजय शर्मा जी आपके गृह जिलों की हैं। उन्होंने कहा, “यह तस्वीरें आपके विभाग से आई हैं, इस पर विजय शर्मा ने कहा की ये सभी कार्य पूर्ण हो चुके है और इसका भुगतान भी किया जा चूका है। शर्मा के इस जवाब के बाद महंत जी ने कहा आप तो मुख्यमंत्री और माननीय नरेंद्र मोदी जी को भी बेवकूफ बना रहे है।” महंत के इस बात पर अध्यक्ष ने विधानसभा में तस्वीर और ‘बेवकूफ’ शब्द हटाने और मर्यादित भाषा का प्रयोग करने की सलाह दी।
अल्पसंख्यक और दिव्यांग आवास को लेकर भी सवाल
CBI Inquiry Demand: महंत ने पूछा कि अल्पसंख्यकों के लिए 15% और दिव्यांगों के लिए 5% आवास आरक्षण का पालन हुआ या नहीं। जवाब में मंत्री ने बताया कि 2011 की सर्वे सूची और आवास प्लस के पात्र हितग्राहियों को आवास प्रदान किए गए हैं।
विधानसभा में पीएम आवास योजना ग्रामीण को लेकर विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच तीखी बहस और आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला। डॉ. महंत ने भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को लेकर जहां सरकार को कठघरे में खड़ा किया, वहीं CBI जांच की मांग को लेकर विपक्ष ने एकजुट होकर दबाव बनाया।
CG Politics: नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इसमें जितना भ्रष्टाचार हो रहा है, उसका राज्य सरकार जांच नहीं करवा पाएगी. ईओडब्ल्यू जांच नहीं कर पाएगी, इसलिए मैं मांग करता हूं. छत्तीसगढ़ में कितने आवास बनाए जा रहे हैं, उसकी जांच सीबीआई को सौंप दिया जाए.



