
Jashpur Plane Crash VIDEO: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले से एक हृदयविदारक हादसे की खबर सामने आई है। सोमवार को नारायणपुर क्षेत्र के घने जंगलों और पहाड़ियों के बीच एक निजी चार्टर्ड विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसा इतना भीषण था कि विमान के टकराते ही उसमें आग लग गई और देखते ही देखते चारों ओर काले धुएं का गुबार फैल गया। इस दुखद घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है। प्रारंभिक सूचना के अनुसार, विमान में सवार पायलट और को-पायलट की इस हादसे में जान जाने की आशंका जताई जा रही है।
आरा पहाड़ के पास पेड़ों से टकराकर हुआ हादसा
यह दर्दनाक हादसा जशपुर के नारायणपुर स्थित आरा पहाड़ के पास रतनपहली जंगल क्षेत्र में हुआ। बताया जा रहा है कि निजी चार्टर्ड विमान अचानक अपना नियंत्रण खो बैठा और पहाड़ी पर स्थित पेड़ों से जा टकराया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विमान जमीन से काफी कम ऊंचाई पर उड़ रहा था। टक्कर के बाद हुए जोरदार धमाके की आवाज दूर-दराज के गांवों तक सुनाई दी। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि दूर से ही हादसे की भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता था।
रेस्क्यू ऑपरेशन में दुर्गम रास्तों ने बढ़ाई मुसीबत
हादसे की सूचना मिलते ही जशपुर एसएसपी लाल उमेद सिंह पुलिस बल और राहत-बचाव दल के साथ घटनास्थल के लिए रवाना हो गए। हालांकि, दुर्घटनास्थल चारों ओर से ऊंची पहाड़ियों और दुर्गम जंगलों से घिरा हुआ है, जिस कारण रेस्क्यू टीम को वहां तक पहुंचने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। मौके पर पहुंची टीमें आग बुझाने और विमान के मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने की कोशिश में जुटी हैं। प्रशासन ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी है ताकि जांच में कोई बाधा न आए।
30 फीट की ऊंचाई पर उड़ रहा था विमान
विमानन विशेषज्ञों और स्थानीय सूत्रों से मिली प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, क्रैश होने से ठीक पहले विमान महज 30 फीट की ऊंचाई पर उड़ान भर रहा था। इतनी कम ऊंचाई पर विमान के होने और फिर अचानक पेड़ों से टकराने के पीछे तकनीकी खराबी या खराब मौसम की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, हादसे की असली वजह का पता लगाने के लिए ब्लैक बॉक्स और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की जाएगी। प्रशासन अभी तक किसी भी मौत की आधिकारिक पुष्टि करने से बच रहा है।

वायरल वीडियो बयां कर रहा है तबाही का मंजर
सोशल मीडिया पर इस हादसे से जुड़े कुछ वीडियो भी सामने आए हैं। इन वीडियो में पहाड़ियों के बीच से उठता घना काला धुआं और आग की ऊंची लपटें साफ देखी जा सकती हैं। ग्रामीणों ने बताया कि विमान गिरने के तुरंत बाद वहां पहुंचना लगभग नामुमकिन था क्योंकि आग की तपिश बहुत ज्यादा थी। जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घटनास्थल की ओर न जाएं ताकि बचाव कार्य प्रभावित न हो। यह हादसा जशपुर के इतिहास के सबसे बड़े विमान हादसों में से एक माना जा रहा है।

जांच के बाद ही साफ होगी मृतकों की संख्या
जशपुर जिला प्रशासन ने बयान जारी कर कहा है कि फिलहाल प्राथमिकता राहत और बचाव कार्य को दी जा रही है। विमान में कुल कितने लोग सवार थे और उनकी पहचान क्या है, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। जांच टीम यह भी पता लगा रही है कि विमान ने कहां से उड़ान भरी थी और उसका गंतव्य क्या था। इस दुखद घटना ने न केवल जशपुर बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ को स्तब्ध कर दिया है। आने वाले घंटों में प्रशासन की ओर से विस्तृत रिपोर्ट जारी होने की उम्मीद है।



