
छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने और बिजनेस से जोड़ने के लिए एक बड़ी शुरुआत हुई है। जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में वाणिज्य एवं उद्योग विभाग ने शबरी ऑडिटोरियम में एक दिवसीय ‘तेजस कार्यशाला’ का आयोजन किया। भारत सरकार के ‘स्टार्टअप इंडिया’ प्रोग्राम के तहत हुई इस वर्कशॉप का मुख्य मकसद जिले में नए आइडिया, फूड प्रोसेसिंग और लोकल बिजनेस को बढ़ावा देना था। इस कार्यक्रम में महिला स्व-सहायता समूहों, छोटे उद्यमियों और आईटीआई-पॉलिटेक्निक के छात्रों समेत करीब 350 लोगों ने हिस्सा लिया।
स्थानीय संसाधनों से खुलेंगे तरक्की के रास्ते, युवाओं से तकनीक अपनाने की अपील
जिला पंचायत सुकमा के सीईओ मुकुंद ठाकुर ने कार्यशाला में कहा कि सुकमा में खेती, वनोपज (जंगल के उत्पाद), हस्तशिल्प और लोकल रिसोर्सेज पर आधारित उद्योगों की बहुत संभावनाएं हैं। उन्होंने युवाओं से कहा कि वे नई तकनीक और नए आइडिया को अपनाकर खुद का काम शुरू करें। ऐसा करने से न सिर्फ युवाओं के लिए कमाई के नए जरिए बनेंगे, बल्कि पूरे जिले की आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी।
विशेषज्ञों ने सिखाए बिजनेस के गुर, रजिस्ट्रेशन से लेकर लोन तक की मिली जानकारी
कार्यशाला में देश के अलग-अलग हिस्सों से आए एक्सपर्ट्स ने युवाओं को बिजनेस शुरू करने की पूरी जानकारी दी। इसमें स्टार्टअप इंडिया के तहत रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया, सफल बिजनेस मॉडल, डिजिटल मार्केटिंग और बौद्धिक संपदा अधिकार (आईपीआर) के बारे में विस्तार से बताया गया। इसके साथ ही बैंक अफसरों और इन्क्यूबेशन सेंटर के जानकारों ने बिजनेस के लिए लोन लेने, सरकारी मदद पाने और काम को आगे बढ़ाने के तरीकों को आसान भाषा में समझाया।
लोकल प्रोडक्ट्स को मिलेगा बेहतर बाजार, बढ़ेगा रोजगार
जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के प्रभारी महाप्रबंधक कैलाश कश्यप ने बताया कि इस वर्कशॉप का उद्देश्य सिर्फ स्टार्टअप शुरू कराना नहीं है, बल्कि युवाओं को खेती, वनोपज, फूड प्रोसेसिंग और हस्तशिल्प से जुड़े कारोबार से जोड़ना भी है। जब स्थानीय स्तर पर इन चीजों के उद्योग लगेंगे, तो यहां के सामानों को देश-दुनिया में अच्छा बाजार मिलेगा। इससे सुकमा के लोगों को जिले में ही रोजगार के अधिक मौके मिलेंगे।
प्रतिभागियों ने बताया फायदेमंद, भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की मांग
कार्यक्रम के आखिरी में शामिल हुए प्रतिभागियों ने इस ट्रेनिंग को अपने लिए बहुत मददगार बताया। युवाओं का कहना था कि इस तरह के कार्यक्रमों से उन्हें अपना काम शुरू करने का हौसला और सही जानकारी मिली है। उन्होंने प्रशासन से उम्मीद जताई कि भविष्य में भी ऐसे ट्रेनिंग प्रोग्राम लगातार आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि सुकमा के उत्पादों को एक बड़ी पहचान मिल सके।
वर्कशॉप में कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
इस खास मौके पर सुकमा नगर पालिका अध्यक्ष हूँगा राम मरकाम, पार्षद रंजीत बारठ और पूर्व योग आयोग सदस्य राजेश नारा मौजूद रहे। इसके अलावा लीड बैंक अधिकारी विकास कुमार, एफपीआईआईटी से रवि वाधवानी, ईडीआई से अरविंद कुमार, बरगीन रसेल, स्टार्टअप टीम से अबुल हसन, जगदलपुर इन्क्यूबेटर से तुलिका शर्मा, चैंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधि, पत्रकार और विभिन्न विभागों के अधिकारी भी इस दौरान उपस्थित थे।
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