
Kurud Illegal Drug Trade: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से नशे के अवैध कारोबारियों के खिलाफ एक बड़ी कानूनी कार्रवाई की खबर सामने आई है। जिला न्यायालय ने प्रतिबंधित नशीली दवाओं की तस्करी और बिक्री करने वाले एक आरोपी को दोषी पाते हुए उसे कड़े कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने इस मामले में दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और पुलिस द्वारा पेश किए गए सबूतों के आधार पर आरोपी को आठ साल के सश्रम कारावास की सजा दी है। इस फैसले के बाद क्षेत्र में नशीली दवाओं का नेटवर्क चलाने वाले अपराधियों में हड़कंप मच गया है।
धमतरी जिला न्यायालय ने सुनाया बड़ा फैसला, आरोपी पर लगा 30 हजार रुपये का जुर्माना
न्यायालय ने इस गंभीर मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए न केवल आरोपी को जेल भेजने का आदेश दिया है, बल्कि उस पर 30 हजार रुपये का आर्थिक जुर्माना (अर्थदंड) भी लगाया है। यदि दोषी इस जुर्माने की राशि को जमा नहीं करता है, तो उसे अतिरिक्त समय के लिए जेल में रहना होगा। सरकारी वकील ने कोर्ट में दलील दी थी कि युवाओं को नशे की गर्त में धकेलने वाले ऐसे अपराधियों के प्रति किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जानी चाहिए। कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार करते हुए यह कड़ा रुख अपनाया है।
साल 2023 में कुरुद पुलिस ने की थी कार्रवाई
यह पूरा मामला साल 2023 का है, जब कुरुद थाना पुलिस ने नशीली दवाओं की अवैध बिक्री के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया था। पुलिस को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि क्षेत्र के कुछ हिस्सों में युवाओं को प्रतिबंधित मेडिकल ड्रग्स बेचे जा रहे हैं। इसी दौरान पुलिस ने जाल बिछाकर एक संदिग्ध तस्कर को दबोचा था। जब पुलिस ने आरोपी की तलाशी ली, तो उसके पास से भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीली दवाएं बरामद हुई थीं। गिनती करने पर उसके पास से कुल 576 नशीली कैप्सूल जब्त की गई थीं।
चरमुड़िया पुल के पास संगवारी ढाबा के पास हुई थी घेराबंदी
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, 17 जून 2023 को कुरुद पुलिस की टीम को एक गोपनीय सूचना मिली थी। मुखबिर ने पुलिस को बताया था कि चरमुड़िया पुल के पास स्थित संगवारी ढाबा के आस-पास एक व्यक्ति संदिग्ध रूप से घूम रहा है और वहां आने-जाने वाले लोगों को नशीली दवाइयां बेचने की कोशिश कर रहा है। सूचना की पुष्टि होते ही पुलिस की एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी की और आरोपी को नशीली दवाओं के स्टॉक के साथ रंगे हाथ दबोच लिया।
मजबूत गवाही और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को माना असली दोषी
गिरफ्तारी के बाद कुरुद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। पुलिस ने जब्त की गई नशीली दवाओं को जांच के लिए लैब भेजा और वहां से मिली वैज्ञानिक रिपोर्ट को चार्जशीट का हिस्सा बनाया। कोर्ट में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों के बयान और पुलिस द्वारा जुटाए गए ठोस तकनीकी सबूतों को मजबूती से पेश किया। इन साक्ष्यों के सामने आने के बाद कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा मुकर्रर की।



