
RHA E20 Janta Party Instagram Trends: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के जंतर-मंतर पर हुए हालिया विरोध प्रदर्शन के बाद अब सोशल मीडिया पर नए-नए डिजिटल अभियान तेजी से उभर रहे हैं। धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद युवाओं का हौसला बढ़ा है और अब इंस्टाग्राम को जेन-जी पीढ़ी के नए जंतर-मंतर के रूप में देखा जा रहा है। अलग-अलग मुद्दों को लेकर बनाए गए इन पेजों पर युवाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे शासन और प्रशासन के लिए नई चिंताएं पैदा हो रही हैं।
इंस्टाग्राम पर RHA के 41 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स
आरक्षण व्यवस्था के विरोध में बने इंस्टाग्राम अकाउंट ‘रिजर्वेशन हटाओ आंदोलन’ (RHA) की लोकप्रियता में अचानक बड़ा उछाल आया है। इस पेज के फॉलोअर्स की संख्या बढ़कर 4.1 मिलियन यानी 41 लाख के पार पहुंच गई है। सामान्य और कुछ ओबीसी वर्ग के युवाओं द्वारा चलाए जा रहे इस पेज पर जातिगत आरक्षण को समाप्त करने की मांग जोर-शोर से उठाई जा रही है।

आरक्षण के खिलाफ उभरा एक और नया मंच
RHA के अलावा आरक्षण व्यवस्था के विरोध में ‘रिजर्वेशन रिमूवल संघ’ (RSS) नाम से एक और नया अकाउंट शुरू किया गया है। हालांकि यह पेज अभी शुरुआती चरण में है और इसके लगभग 1500 से अधिक फॉलोअर्स जुड़े हैं। इसके समर्थक भी डिजिटल माध्यम से अपनी आवाज बुलंद करने और इस अभियान को बड़ा रूप देने की कोशिशों में लगे हैं।
क्या है रिजर्वेशन हटाओ आंदोलन की प्रमुख मांग
इस डिजिटल अभियान के संचालकों की मुख्य मांग है कि देश में जाति के आधार पर दिए जाने वाले आरक्षण को पूरी तरह समाप्त किया जाए। सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में प्रवेश का एकमात्र आधार योग्यता, अंक और प्रतिभा होनी चाहिए। इसके साथ ही आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि के युवाओं की मदद के लिए जाति के बजाय आर्थिक स्थिति को आधार बनाने की वकालत की जा रही है।
एथेनॉल मिलावट के खिलाफ उठी E20 जनता पार्टी की आवाज
पेट्रोल में एथेनॉल की मिलावट के विरोध में ‘E20 जनता पार्टी’ नाम से एक नया डिजिटल कैंपेन शुरू हुआ है। इस इंस्टाग्राम हैंडल पर अब तक 280 हजार से ज्यादा लोग जुड़ चुके हैं। यह कोई पंजीकृत राजनीतिक दल नहीं है, बल्कि आम वाहन चालकों और उपभोक्ताओं का एक साझा मंच है जो ईंधन की गुणवत्ता को लेकर अपनी चिंताएं जाहिर कर रहा है।

प्योर पेट्रोल के विकल्प की मांग कर रहे उपभोक्ता
E20 जनता पार्टी अभियान से जुड़े लोगों का कहना है कि सरकार यदि E20 पेट्रोल उपलब्ध कराना चाहती है तो कराए, लेकिन पेट्रोल पंपों पर 100 प्रतिशत शुद्ध यानी बिना एथेनॉल वाला पेट्रोल खरीदने का विकल्प भी मौजूद होना चाहिए। उपभोक्ताओं का तर्क है कि अपनी गाड़ियों के हिसाब से ईंधन चुनने का अधिकार ग्राहकों के पास होना चाहिए, ताकि वे अपनी पसंद के अनुसार पेट्रोल खरीद सकें।



