छत्तीसगढ़ के 1500 स्थानों पर 5 लाख छात्रों ने एक साथ गाया वंदे मातरम्, CM साय बोले- बना विश्व रिकॉर्ड

Vande Mataram 150th Anniversary CG: राष्ट्रगीत वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर छत्तीसगढ़ में बड़े पैमाने पर सामूहिक गायन का आयोजन किया गया। गुरुवार को आयोजित इस राज्यस्तरीय कार्यक्रम में प्रदेश के 1,500 से अधिक केंद्रों पर 5 लाख से ज्यादा स्कूली विद्यार्थियों ने एक स्वर में वंदे मातरम् का गायन किया। मुख्य आयोजन राजधानी रायपुर के रोहिणीपुरम स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में हुआ, जहां मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने खुद पहुंचकर छात्रों के साथ राष्ट्रगीत गाया और उनका हौसला बढ़ाया।

देशभर में 25 हजार से अधिक जगहों पर हुआ सामूहिक गायन

Vande Mataram Mass Singing Raipur: रायपुर में छात्रों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि विद्या भारती के तत्वावधान में पूरे देश में इस अभियान को चलाया गया। उन्होंने बताया कि भारत भर में 25 हजार से अधिक स्थानों पर करोड़ों लोगों और विद्यार्थियों ने एक साथ वंदे मातरम् का सामूहिक गायन कर एक नया विश्व रिकॉर्ड स्थापित किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह के राष्ट्रव्यापी आयोजनों से युवा पीढ़ी में देशभक्ति, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रीय चेतना का संचार होता है।

आजादी के आंदोलन का मुख्य स्तंभ रहा वंदे मातरम्

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वंदे मातरम् महज एक गीत नहीं बल्कि मां भारती की पावन वंदना है। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देश के अनगिनत वीर सेनानियों ने इसी जयघोष को लगाते हुए अपने प्राणों की आहुति दी थी। उन्होंने रोहिणीपुरम के सरस्वती शिशु मंदिर में बच्चों के बीच शामिल होने को अपने लिए गर्व का क्षण बताया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के कोने-कोने में इस आयोजन को लेकर छात्र-छात्राओं के भीतर अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिला है।

देश का भविष्य संवारने के लिए छात्र देखें बड़े सपने

विद्यार्थियों से सीधा संवाद करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि देश का आने वाला कल आज के युवाओं और छात्रों के कंधों पर निर्भर करता है। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे अपने जीवन में बड़े लक्ष्य तय करें और यह विचार करें कि वे राष्ट्र निर्माण में अपना क्या योगदान दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि जब किसी बड़े सपने के साथ कड़ी मेहनत और अनुशासन जुड़ जाता है, तो सफलता मिलना तय हो जाता है।

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बन रहे 34 नालंदा परिसर

राज्य में शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने एक महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के लिए अब दूसरे राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। इसी सोच के साथ प्रदेश के 34 प्रमुख स्थानों पर आधुनिक सुविधाओं से लैस ‘नालंदा परिसर’ तैयार किए जा रहे हैं। इन परिसरों में विद्यार्थियों को अध्ययन के लिए विश्वस्तरीय वातावरण और डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधा मिलेगी।

छत्तीसगढ़ के प्रतिभाशाली छात्र UPSC में गाड़ रहे झंडे

मुख्यमंत्री ने प्रदेश के युवाओं की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि राज्य के बच्चों में क्षमता और लगन की कोई कमी नहीं है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि दिल्ली में रहकर तैयारी करने वाले छत्तीसगढ़ के 13 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने हाल ही में संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा में सफलता हासिल की है। सरकार की कोशिश है कि राज्य के भीतर ही ऐसा माहौल बने जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चे भी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में अव्वल आ सकें।

बस्तर में नक्सलवाद खत्म कर शिक्षा का नया मॉडल तैयार

राज्य के सुदूर और संवेदनशील बस्तर अंचल का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जो क्षेत्र लंबे समय तक उग्रवाद और हिंसा से प्रभावित रहा, वहां अब विकास और शिक्षा की नई बयार बह रही है। बस्तर के बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए ओरछा और जगरगुंडा जैसे अंदरूनी इलाकों में एजुकेशन सिटी का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अलावा वहां राष्ट्रीय स्तर के शिक्षण संस्थानों की शाखाएं भी खोली जा रही हैं ताकि बस्तर के बच्चे भी उच्च शिक्षा हासिल कर सकें।

युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रतिबद्ध है राज्य सरकार

अपने संबोधन के अंतिम चरण में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दोहराया कि राज्य सरकार प्राथमिक शिक्षा से लेकर उच्च और व्यावसायिक शिक्षा तक हर स्तर पर सुधार कर रही है। नई शिक्षा नीति के तहत स्कूलों में तकनीक और व्यावहारिक ज्ञान को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ के युवा अपनी प्रतिभा के बल पर देश और दुनिया में राज्य का नाम रोशन करेंगे।

Also Read: विवेकानंद की वेशभूषा में 1500 बच्चे बनाएंगे विश्व रिकॉर्ड: बिलासपुर में राष्ट्रीय युवा दिवस पर भव्य आयोजन, दिखेगी 5500 फीट की विशाल रंगोली

दक्षिण कोसल का Whatsapp Group ज्वाइन करे

Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

Related Articles

Back to top button