CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की 10 बड़ी खबरें गणवेश घोटाले में प्रभारी DEO सस्पेंड और FIR के आदेश, सुकमा मुठभेड़ में 5 लाख की ईनामी महिला नक्सली ढेर, डोंगरगढ़ में शराबबंदी बनी मजाक, निजी स्कूलों में गरीब बच्चों का हक मारा जाने पर हाईकोर्ट सख्त, बिजली कंपनी की लापरवाही से मौत पर बढ़ा मुआवजा, महासमुंद मेडिकल कॉलेज में जंग लगे सर्जिकल ब्लेड से हड़कंप, रायपुर में रिटायर्ड पुलिस अफसर साइबर ठगी का शिकार, शिक्षा विभाग में 9 कर्मचारियों का अटैचमेंट खत्म, निलंबित अभियंता बहाल होने पर सियासी हलचल, बिलासपुर नगर निगम ने शुरू की स्मार्ट चैटबॉट सेवा, वहीं नान घोटाले में पूर्व IAS आलोक शुक्ला पर गिरफ्तारी की तलवार लटकने लगी समेत पढ़ें CG की प्रमुख खबरें…

CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की सभी बड़ी और छोटी खबरें रोजाना हमारी नजर में रहती हैं। दक्षिण कोसल के विशेष सेगमेंट ‘CG की 10 बड़ी खबरें’ में हम आपको समाचार जगत की हर गतिविधि का अपडेट सरल और सहज भाषा में प्रदान करेंगे। तो आइए, पत्रकारिता की इस दुनिया में बने रहें और छत्तीसगढ़ की हर ताजातरीन खबर से अपनी जानकारी को और विस्तृत करे।
सुकमा में मुठभेड़, 5 लाख की ईनामी महिला नक्सली ढेर
Encounter in Sukma: सुकमा जिले के गादीरास थाना क्षेत्र में सुरक्षा बलों और माओवादियों के बीच आज सुबह हुई मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने बड़ी सफलता हासिल की। इस मुठभेड़ में मलांगीर एरिया कमेटी की सक्रिय सदस्य और 5 लाख की ईनामी महिला नक्सली बूस्की नुप्पो मारी गई। बूस्की पर सुकमा और दंतेवाड़ा जिले के 9 गंभीर अपराधों में संलिप्त होने का आरोप था। बरामद सामग्री में 315 बोर की रायफल, वायरलेस सेट, विस्फोटक, जिलेटिन रॉड, डेटोनेटर और बड़ी मात्रा में नक्सली साहित्य मिला है। बूस्की के खिलाफ थाना अरनपुर, कुंआकोंडा और गादीरास में कई केस दर्ज थे। आईजी बस्तर सुन्दरराज पी. ने माओवादियों से हिंसा छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने की अपील की है।
डोंगरगढ़ में शराबबंदी सिर्फ कागजों पर
Liquor Ban Failure: डोंगरगढ़ को तीर्थ नगरी का दर्जा देते हुए सरकार ने इसे शराबबंदी क्षेत्र घोषित किया था, लेकिन हकीकत बिल्कुल उलटी है। यहां गली-गली में अवैध शराब बिक रही है और प्रशासन आंख मूंदे बैठा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी दुकानों के बंद होने के बाद अवैध कारोबारियों का साम्राज्य खड़ा हो गया है। कई ढाबे और होटल केवल दिखावे के लिए हैं, जबकि वास्तव में वहां शराब बेची जाती है। पुलिस की गश्त के बावजूद कारोबार बेरोकटोक जारी है। सूत्रों के अनुसार, बड़े शराब माफिया को प्रशासनिक संरक्षण हासिल है, जबकि छोटे कोचियों पर ही कार्रवाई कर आंकड़े चमकाए जाते हैं। महिलाएं खुलेआम शिकायत कर रही हैं कि इससे बच्चों पर बुरा असर पड़ रहा है और परिवार टूटने की कगार पर हैं।
निजी स्कूलों में गरीब बच्चों का हक मारा जा रहा है
RTE Violation: शिक्षा के अधिकार (RTE) कानून के तहत गरीब बच्चों को निजी स्कूलों में 25% सीट मिलनी चाहिए, लेकिन हाईकोर्ट में दायर याचिका से बड़ा घोटाला सामने आया है। आरोप है कि फर्जी दस्तावेज़ों के आधार पर अमीर परिवारों के बच्चों को दाखिला दिया जा रहा है और असली हकदार वंचित रह जाते हैं। इस मामले में कोर्ट ने शिक्षा सचिव को सख्त फटकार लगाई और कहा कि अगली सुनवाई में शपथपत्र के साथ उपस्थित हों। कोर्ट ने पूछा कि गड़बड़ी करने वालों पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई। यह जनहित याचिका सामाजिक कार्यकर्ता भगवंत राव द्वारा दायर की गई है। इस मामले ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बिजली कंपनी की लापरवाही से हुई एक ग्रामीण की मौत, करंट हादसे में बढ़ा मुआवजा
High Court Compensatio: बिलासपुर हाई कोर्ट ने बिजली कंपनी की लापरवाही से हुई एक ग्रामीण की मौत के मामले में बड़ा फैसला सुनाया। कोर्ट ने ट्रायल कोर्ट द्वारा तय 4 लाख रुपए मुआवजे को बढ़ाकर 7.68 लाख रुपए कर दिया। पीड़ित परिवार ने 28.90 लाख रुपए का दावा किया था। अदालत ने साफ कहा कि बिजली से जुड़े कार्य स्वभाव से खतरनाक होते हैं और विभाग जिम्मेदारी से बच नहीं सकता। यह फैसला ‘स्ट्रिक्ट लाइबिलिटी’ सिद्धांत पर आधारित है। मृतक चित्रभान की पत्नी, तीन बेटियां और वृद्ध माता-पिता अब इस मुआवजे से कुछ राहत पा सकेंगे।
जंग लगे सर्जिकल ब्लेड पर हाईकोर्ट सख्त
Rusty Surgical Blades: महासमुंद मेडिकल कॉलेज अस्पताल में ऑपरेशन थिएटर में जंग लगे और खराब सर्जिकल ब्लेड मिलने से हड़कंप मच गया। नर्सिंग स्टाफ ने इस पर लिखित शिकायत दर्ज कराई थी और इसे मरीजों के लिए जानलेवा बताया था। मामले पर संज्ञान लेते हुए हाईकोर्ट ने सुनवाई की। CGMSC ने जवाब दिया कि सभी खराब ब्लेड वापस मंगा लिए गए हैं और सप्लाई बंद कर दी गई है। यह मामला सरकारी अस्पतालों में खरीद प्रक्रिया और गुणवत्ता नियंत्रण पर गंभीर सवाल उठाता है।
सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी बने शिकार
Cyber Fraud with Retired Cop: राजधानी रायपुर में सेवानिवृत्त पुलिस निरीक्षक उन्नी नायर साइबर ठगी का शिकार हो गए। उन्हें व्हाट्सएप पर YONO SBI ऐप अपडेट करने का लिंक भेजा गया, जिसे खोलते ही उनका मोबाइल हैक हो गया। ठगों ने उनके खाते से 77 हजार रुपए निकाल लिए। पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन 1930 और थाना मोवा में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है और जांच शुरू की है। यह घटना साइबर अपराधियों की नई चाल को उजागर करती है, जिसमें बैंकिंग ऐप्स का नाम लेकर लोगों को ठगा जा रहा है।
शिक्षा विभाग में अटैचमेंट का खेल खत्म
Attachment Cancelled: रामानुजनगर ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने एक साथ 9 कर्मचारियों का अटैचमेंट खत्म कर उन्हें मूल संस्थाओं में वापस भेज दिया है। लंबे समय से विभागीय अटैचमेंट के कारण कई स्कूलों में कार्य प्रभावित हो रहा था। आदेश जारी होने के बाद अब इन कर्मचारियों को अपने-अपने मूल स्कूलों में योगदान देना होगा। शिक्षा विभाग में इस तरह की कार्रवाई से अनुशासन बहाली की उम्मीद जताई जा रही है।
पूर्ववर्ती सरकार के समय निलंबित अफसरों की बहाली
Suspended Engineers Reinstated: नगरीय प्रशासन विभाग ने पूर्ववर्ती सरकार के समय निलंबित किए गए अभियंताओं को बहाल कर दिया है। इन अधिकारियों पर अनियमितताओं का आरोप था, जिसके चलते उन्हें निलंबित किया गया था। अब जांच जारी रहने के बावजूद सभी को नई पोस्टिंग दे दी गई है। विभाग का कहना है कि जांच पूरी होने तक ये अधिकारी कार्यरत रहेंगे। इस कदम पर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
स्कूल शिक्षा मंत्री के तेवर, DEO निलंबित, FIR के आदेश
Education Minister Strict Action: स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने समीक्षा बैठक में लापरवाही पर कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने रामानुजगंज-बलरामपुर के प्रभारी DEO डी.एन. मिश्रा को निलंबित कर दिया। आरोप है कि गणवेश वितरण में त्रुटिपूर्ण जानकारी देने से शासन को भारी नुकसान हुआ। मंत्री ने अन्य जिलों के DEO को भी चेतावनी दी और कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए ठोस योजना पर काम करना होगा।
बिलासपुर नगर निगम बना पहला स्मार्ट निकाय
Smart Chatbot Service: डिजिटल इंडिया की दिशा में कदम बढ़ाते हुए बिलासपुर नगर निगम ने स्मार्ट चैटबॉट सेवा शुरू की है। इसके जरिए नागरिक व्हाट्सऐप पर ही जन्म प्रमाणपत्र, प्रॉपर्टी टैक्स की जानकारी और अन्य सेवाएं प्राप्त कर सकेंगे। यह सुविधा समय और कागजी कार्यवाही दोनों से बचाएगी। अधिकारियों का कहना है कि इससे पारदर्शिता भी बढ़ेगी और आम जनता को घर बैठे सुविधाएं मिलेंगी।
रिटायर्ड IAS आलोक शुक्ला पर गिरफ्तारी की तलवार
Nan Scam Update: नान घोटाले में मुख्य आरोपी और पूर्व IAS आलोक शुक्ला का सरेंडर सुप्रीम कोर्ट के आदेश अपलोड न होने के कारण टल गया। ED की टीम सुबह ही उनके भिलाई स्थित घर पर दबिश दे चुकी थी। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में उनकी अग्रिम जमानत खारिज कर दी है और आदेश दिया है कि उन्हें पहले 2 हफ्ते ED की कस्टडी और उसके बाद 2 हफ्ते न्यायिक हिरासत में रहना होगा। इस घोटाले में आलोक शुक्ला और अनिल टुटेजा पर गंभीर आरोप हैं।
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