
छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना को बढ़ावा देने के लिए बिजली विभाग ने एक कड़ा फैसला लिया है। विभाग ने उन अधिकारी-कर्मचारियों पर नकेल कसी है जिन्होंने अब तक अपने घरों में सोलर रूफटॉप पैनल नहीं लगवाए हैं। ऐसे कर्मचारियों को मिलने वाली बिजली बिल की 50 प्रतिशत विशेष रियायत तत्काल प्रभाव से खत्म कर दी गई है। अब इन कर्मचारियों को आम जनता की तरह ही अपने बिजली बिल का पूरा भुगतान करना होगा। विभाग के इस फैसले से पूरे प्रदेश में हड़कंप मच गया है।
करीब 9 हजार कर्मचारी अब भरेंगे आम उपभोक्ता जैसा बिल
अब तक बिजली विभाग के नियमित कर्मचारियों को घरेलू बिजली के उपयोग पर आधे बिल की छूट मिलती थी। लेकिन पीएम सूर्यघर योजना में सुस्ती दिखाने वाले करीब 9 हजार नियमित कर्मचारियों से यह सुविधा छीन ली गई है। बिजली विभाग के चेयरमैन के निर्देश के बाद जनरल मैनेजर ने इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी कर दिए हैं। आदेश में साफ कहा गया है कि जब तक कर्मचारी योजना के तहत सोलर कनेक्शन नहीं लगवा लेते, तब तक उन्हें किसी भी तरह की छूट नहीं दी जाएगी।
बिलासपुर संभाग के 900 से ज्यादा कर्मी सीधे प्रभावित
इस फैसले की सबसे ज्यादा मार बिलासपुर संभाग में देखने को मिल रही है, जहां लगभग 925 अधिकारी-कर्मचारी सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं। विभागीय आंकड़ों के अनुसार, करीब तीन महीने पहले ही सभी को योजना में पंजीयन कराने के स्पष्ट निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद एक बड़े वर्ग ने इसमें रुचि नहीं दिखाई। अधिकारियों का मानना है कि जब बिजली विभाग के अपने कर्मचारी ही सोलर ऊर्जा को नहीं अपनाएंगे, तो आम जनता के बीच इसका सही संदेश नहीं जाएगा।
तीन महीने की चेतावनी के बाद उठाया गया सख्त कदम
बिजली विभाग ने यह कार्रवाई अचानक नहीं की है। कर्मचारियों को अपनी छतों पर सोलर सिस्टम लगवाने के लिए पर्याप्त समय दिया गया था। विभाग ने तीन महीने पहले ही डेडलाइन तय कर दी थी, लेकिन निर्धारित समय बीतने के बाद भी हजारों कर्मचारियों ने आवेदन तक नहीं किया। इसी लापरवाही को देखते हुए विभाग ने आर्थिक चोट करने का रास्ता चुना है। अब जब तक कर्मचारी सोलर पैनल लगवाकर उसकी पावती जमा नहीं करेंगे, उनकी बिल कटौती वापस बहाल नहीं की जाएगी।
नशा तस्करों के खिलाफ भी रायपुर पुलिस की कार्रवाई जारी
दूसरी ओर, राजधानी रायपुर में पुलिस ने नशा मुक्त अभियान के तहत बड़ी कामयाबी हासिल की है। ड्रग्स तस्करी के नेटवर्क से जुड़े अब तक 7 पैडलर्स को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस की टीम अन्य 8 संदिग्धों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। पकड़े गए आरोपियों के पास से बरामद दस्तावेजों और मोबाइल चैट के आधार पर ड्रग्स उपभोक्ताओं की एक सूची तैयार की जा रही है। पुलिस का कहना है कि नशा तस्करी में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही इस सिंडिकेट का पूरी तरह सफाया कर दिया जाएगा।



