
अभनपुर: Abhanpur News: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अभनपुर से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। सड़क हादसे में घायल होने के बाद इलाज के दौरान मौत का शिकार हुए पुनीत राम साहू के परिजनों ने आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम के बाद स्वीपर ने उनसे 2500 रुपये की मांग की। परिजनों ने 1000 रुपये दे दिए, फिर भी शव को घंटों तक रोककर रखा गया।
Abhanpur Postmortem Case: ग्रामीणों के मुताबिक स्वीपर ने साफ शब्दों में कहा कि जब तक पूरी रकम नहीं दी जाएगी, तब तक शव नहीं मिलेगा। यहां तक कि उसने धमकी दी कि अगर परिजन जबरदस्ती शव ले जाने की कोशिश करेंगे तो वह शव की सिलाई तक खोल देगा।
BMO का चौंकाने वाला जवाब
मृतक के परिजनों ने घटना की शिकायत बीएमओ से की, लेकिन उनका जवाब और भी हैरान करने वाला था। बीएमओ ने कहा कि “स्वीपर प्राइवेट है, इसलिए पैसे दे दो।” इस बयान से परिजन और ग्रामीण और ज्यादा नाराज़ हो गए।
परिजनों का गुस्सा और लोगों का आरोप
ग्राम मोहन्दी निवासी पुनीत राम साहू 4 दिसंबर को सड़क हादसे में घायल हुए थे और 9 सितंबर को उनकी मौत हो गई। शव को पीएम के लिए अभनपुर अस्पताल लाया गया। वहां जो कुछ हुआ, उसने शोकाकुल परिवार को और भी आहत कर दिया।
Abhanpur Hospital: स्थानीय लोगों का कहना है कि अभनपुर अस्पताल में यह कोई नई घटना नहीं है। पोस्टमार्टम के लिए आने वाले परिजनों से पैसे मांगना और शव को रोके रखना यहां आम बात बन चुकी है। शिकायतें कई बार की गईं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।

जांच और कार्रवाई की मांग
घटना से आक्रोशित परिजन और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस तरह की मनमानी और अमानवीय व्यवहार पर तुरंत रोक लगाई जाए। दोषी स्वीपर और अस्पताल प्रबंधन की भूमिका की जांच कर सख्त कार्रवाई की जाए।



