
धमतरी: Online Electricity Bill: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में बिजली बिल का ऑनलाइन भुगतान करना उपभोक्ताओं के लिए परेशानी का सबब बन गया है। ऑनलाइन पेमेंट करने के बाद भी राशि को क्लियर होने में एक सप्ताह से 15 दिन का समय लग रहा है। कई लोगों का बिल भुगतान होने के बावजूद जमा नहीं हो रहा, जिसके कारण उपभोक्ताओं को बिल का मिलान कराने के लिए बार-बार बिजली विभाग के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
हर दिन 60 केस, बढ़ी उपभोक्ताओं की चिंता
डिजिटल इंडिया के तहत बिजली विभाग ने ₹5,000 से अधिक की राशि का भुगतान ऑनलाइन करने पर जोर दिया है। उपभोक्ता भी यूपीआई, च्वाइस सेंटर और मोर बिजली ऐप जैसे माध्यमों का उपयोग कर रहे हैं।
- बार-बार बिल: उपभोक्ता सत्यम देवांगन, कुबेर पटेल, अविनाश साहू जैसे कई लोगों ने बताया कि ऑनलाइन भुगतान के बावजूद, उन्हें वर्तमान महीने के बिल में पिछली राशि जोड़कर भेजी जा रही है।
- भुगतान पेंडिंग: उपभोक्ताओं के यूपीआई हिस्ट्री में बिल का भुगतान ‘सफल’ दिखता है, लेकिन बिजली विभाग के एटीपी सेंटर में जाँच कराने पर भुगतान पेंडिंग ही रहता है। इससे उपभोक्ता ऑनलाइन पेमेंट को लेकर असमंजस में हैं।
यह स्थिति इतनी गंभीर हो गई है कि बिजली विभाग को बिल सुधार के लिए प्रतिमाह औसतन करीब 60 आवेदन प्राप्त हो रहे हैं। ‘मोर बिजली ऐप’ में भी सर्वर की दिक्कत होने से ऑनलाइन भुगतान में परेशानी आ रही है।
बिजली विभाग बता रहा सर्वर डाउन
इस समस्या पर विद्युत विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि विभिन्न माध्यमों से ऑनलाइन भुगतान करने पर कई बार सर्वर डाउन हो जाता है।
- कारण: उनके अनुसार, सर्वर डाउन होने से सिस्टम को अपडेट होने में समय लगता है। भुगतान स्वीकार नहीं होने पर स्क्रीन पर ऑनलाइन मोड में भी ‘एरर’ बताता है।
फिलहाल, सर्वर की धीमी गति और तकनीकी खामियों के कारण डिजिटल भुगतान की सुविधा उपभोक्ताओं के लिए सुविधा कम, सिरदर्द ज्यादा बन गई है।



