
सूरजपुर: दीपावली जैसे बड़े त्योहारों से ठीक पहले, छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के कलेक्टर एस. जयवर्धन ने एक बेहद अनोखे अंदाज में काम किया। शनिवार की रात, उन्होंने पहचान छिपाकर और हेलमेट पहनकर अपनी बाइक से शहर की सड़कों और मुख्य स्थलों का जायज़ा लिया। एक आम नागरिक की तरह कलेक्टर के इस औचक निरीक्षण को देखकर अधिकारी और आम लोग सभी चौंक गए।
जिला अस्पताल और पटाखा बाजार का औचक निरीक्षण
कलेक्टर जयवर्धन ने अपनी यह चुपचाप और बेबाक जाँच जनता की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए की।
- जिला अस्पताल का निरीक्षण: सबसे पहले कलेक्टर ने जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने वहाँ मौजूद मरीजों से बातचीत की, उनकी समस्याएँ सुनीं और इलाज की स्थिति का जायज़ा लिया। दीपावली पर जलने के मामलों की आशंका को देखते हुए, उन्होंने अस्पताल प्रबंधन और मेडिकल स्टाफ को पहले से सतर्क रहने के निर्देश दिए।
- पटाखा बाजार में सुरक्षा जाँच: इसके बाद कलेक्टर हाई स्कूल ग्राउंड में लगे पटाखा बाजार पहुँचे। उन्होंने वहाँ सुरक्षा के इंतजामों को खुद परखा। दुकानों में आग से सुरक्षा के उपाय, अग्निशमन यंत्रों की उपलब्धता, ट्रैफिक व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण के उपायों का गंभीरता से निरीक्षण किया।
अधिकारियों में मची हलचल, हो रही सराहना
कलेक्टर की यह गुप्त निगरानी जैसे ही अधिकारियों और दुकानदारों को पता चली, स्वास्थ्य विभाग, पुलिसकर्मी और पटाखा व्यापारी तुरंत हरकत में आ गए और सतर्क हो गए। कलेक्टर का यह अंदाज़ सभी के लिए एक स्पष्ट संदेश था कि त्योहार चाहे कोई भी हो, आम जनता की सुरक्षा और सुविधा से कोई समझौता नहीं होगा।
कलेक्टर जयवर्धन की इस पहल की हर ओर सराहना हो रही है। इस कदम ने यह साबित कर दिया है कि प्रशासन केवल दफ्तरों तक सीमित नहीं है, बल्कि जमीनी स्तर पर भी सक्रिय है। उनकी यह निगरानी जनता में भरोसा बढ़ाने वाली है और त्योहार को शांतिपूर्ण व सुरक्षित तरीके से मनाने में एक बड़ा कदम साबित हो सकती है।



