Premanand Maharaj Ki Diwali VIDEO: प्रेमानंद जी महाराज ने धूमधाम से मनाई दिवाली, राधा रानी के साथ झिलमिलाते दीपों का आनंद

वृंदावन: पिछले कई दिनों से अपने स्वास्थ्य को लेकर चर्चा में रहे वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद गोविंद शरण जी महाराज ने इस बार दिवाली का पर्व बड़े उत्साह और धूमधाम से मनाया। दो किडनियों की समस्या से जूझ रहे महाराज जी को लेकर उनके भक्तों के बीच जो चिंता थी, वह सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे उनके वीडियो को देखकर दूर हो गई है। महाराज जी ने श्री हित राधा केली कुंज आश्रम में राधा रानी के साथ मिलकर इस त्यौहार की रौनक बढ़ाई।

स्वास्थ्य बेहतर, उत्साह से मनाया दीपावली का जश्न

बीते कई दिनों से प्रेमानंद जी महाराज के स्वास्थ्य को लेकर तरह-तरह की खबरें सामने आ रही थीं, लेकिन अब उनके भक्तों के लिए यह राहत भरी खबर है कि महाराज जी अब पूरी तरह ठीक हैं और उन्होंने पूरे उत्साह के साथ दिवाली का जश्न मनाया। स्वास्थ्य चुनौतियों के बावजूद, महाराज ने अपनी नियमित साधना नहीं छोड़ी है और दिवाली के मौके पर उनकी खुशी देखते ही बन रही थी।

राधा रानी के साथ फुलझड़ी का आनंद

इस बार प्रेमानंद जी महाराज की दिवाली इसलिए खास रही क्योंकि उनके साथ राधा रानी का श्रीविग्रह भी था। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि महाराज जी अपने अनुयायियों के साथ फुलझड़ी जलाते और आतिशबाजी का आनंद लेते नजर आ रहे हैं। पालकी में श्रीजी (राधा रानी) के श्रीविग्रह के आश्रम में पहुँचने पर, संत प्रेमानंद ने स्वयं फुलझड़ियों से उनका स्वागत किया और उनके समक्ष उत्सव मनाया। महाराज जी कभी राधा रानी को निहारते हैं तो कभी आसमान में जलती रोशनी का आनंद लेते हैं।

भक्तों के लिए खुशियों और प्रकाश का प्रतीक बनी यह दिवाली

राधा नाम के प्रचारक संत प्रेमानंद जी महाराज देश-दुनिया में करोड़ों सनातनियों को प्रभावित करते हैं। जब उन्होंने अपने अनुयायियों के बीच इस तरह खुलकर दिवाली का आनंद लिया, तो उनके भक्त खुशी से झूम उठे। यह दिवाली उनके जीवन में खुशियों और प्रकाश के प्रतीक के रूप में सामने आई, जो उनकी अस्वस्थता के बावजूद अटूट भक्ति और उत्सव के भाव को दर्शाती है।

महाराज जी ने याद किए पुराने कठिन दिन

दिवाली के इस उत्सव के बीच, महाराज जी ने हाल ही में अपने पुराने दिनों की दिवाली को भी याद किया था। उन्होंने बताया था कि पहले उनका जीवन कठिनाई भरा होता था और उस दौरान उन्हें त्यौहार मनाने में कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता था। आज, भक्तों के बीच इस तरह त्यौहार मनाना उनके लिए एक सकारात्मक बदलाव का प्रतीक बन गया है।

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Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

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