
रायपुर, 28 फरवरी 2025: Chhattisgarh Police Recruitment 2025: छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में हुए पुलिस भर्ती घोटाले में एक महिला कांस्टेबल अब भी फरार है। विधानसभा में कांग्रेस विधायक चातुरी नंद के सवाल के जवाब में गृहमंत्री विजय शर्मा ने इस मामले की ताजा स्थिति के बारे में जानकारी दी। गृहमंत्री ने बताया कि 2024 में राजनांदगांव जिले की 8वीं बटालियन में पुलिस भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी पाई गई थी और मामले में 15 से ज्यादा पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया गया है।
घोटाले में गिरफ्तार आरोपियों की सूची
CG Police Recruitment: गृहमंत्री विजय शर्मा ने बताया कि इस मामले में आरोपी पुलिसकर्मियों और अन्य व्यक्तियों के खिलाफ साक्ष्य पाए गए, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में महिला आरक्षक पुष्पा चंद्रवंशी, परिधि निषाद, आरक्षक धर्मराज मरकाम, सुंदर लाल नेताम, कार्तिक देशलहरे, विकास सिंह राजपूत, पवन चौरे, योगेश कुमार धुर्वे, अभ्यर्थी मीना पात्रे, नेहा चंद्रवंशी, कम्प्यूटर ऑपरेटर नुतेश्वरी धुर्वे, फवेन्द्र कुमार चनाप, विशाल यादव और यशवंत उईके शामिल हैं। इन सभी को न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है।
महिला कांस्टेबल काजल की गिरफ्तारी बाकी
इस मामले में एक और आरोपी महिला कांस्टेबल काजल की गिरफ्तारी अब भी बाकी है। गृहमंत्री ने कहा कि कांस्टेबल काजल की गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं और उसे जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।
आत्महत्या का मामला भी सामने आया
Chhattisgarh Police Recruitment 2025: घोटाले से जुड़ी एक और दुखद घटना सामने आई है, जिसमें भर्ती प्रक्रिया में शामिल एक आरक्षक अनिल कुमार रत्नाकर ने आत्महत्या कर ली। गृहमंत्री ने बताया कि राजनांदगांव के थाना लालबाग में मर्ग क्रमांक-117/24 दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि मृतक आरक्षक ने अभ्यर्थियों के नंबर में हेरफेर करने के बदले उनसे पैसे लिए थे।
राजनांदगांव पुलिस भर्ती घोटाले ने छत्तीसगढ़ में भर्ती प्रक्रियाओं की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सरकार ने मामले में त्वरित कार्रवाई की है, लेकिन महिला कांस्टेबल काजल की गिरफ्तारी का इंतजार है। इसके साथ ही जांच में यह भी सामने आया है कि घोटाले में शामिल कई लोग पैसे के बदले भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी कर रहे थे।



