
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए अपहरण और लूटपाट के एक सनसनीखेज मामले का पर्दाफाश किया है। आरोपियों ने न केवल पीड़ितों को बंधक बनाकर उनके साथ मारपीट की, बल्कि खुद को पुलिस और विशेष दल का सदस्य बताकर जबरन वसूली और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के जरिए लूट को अंजाम दिया। मगरलोड थाना पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन मुख्य आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया है। इस कार्रवाई से क्षेत्र में सक्रिय अपराधी तत्वों के बीच कड़ा संदेश गया है।
सिंगपुर मार्ग पर पिकअप रोककर अपहरण की वारदात
यह गंभीर घटना 3 मार्च की है, जब प्रार्थी देवेंद्र कुमार मारकंडे अपने साथियों के साथ पिकअप वाहन में बछड़ों को छोड़ने ग्राम मुडकेरा जा रहे थे। दोपहर लगभग 3:00 बजे आलेखुंटा-सिंगपुर मार्ग पर एक स्विफ्ट कार में सवार आरोपियों ने उनका रास्ता रोक लिया। आरोपियों ने मवेशी परिवहन के नाम पर पूछताछ शुरू की और पीड़ितों को डराने-धमकाने लगे। इसके बाद आरोपियों ने बलपूर्वक पीड़ितों को उनकी गाड़ी से उतारकर अपनी कार में बैठा लिया और अपहरण कर उन्हें दुगली की ओर ले गए।
खुद को पुलिस बताकर की ₹43,800 की लूट
वारदात को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने फर्जी पहचान का सहारा लिया। उन्होंने स्वयं को पुलिस और किसी विशेष दल का सदस्य बताकर पीड़ितों पर दबाव बनाया। दुगली-नगरी मार्ग स्थित एक तालाब के पास ले जाकर उन्होंने पीड़ितों के साथ बेरहमी से मारपीट की। आरोपियों ने पीड़ितों के पास रखे ₹13,800 नगद लूट लिए और डरा-धमकाकर मोबाइल के जरिए ₹30,000 ‘फोन-पे’ (Phone-Pe) करवा लिए। इस तरह कुल ₹43,800 की लूट को अंजाम दिया गया।
पुलिस ने घेराबंदी कर सिहावा क्षेत्र से दबोचा
घटना की लिखित शिकायत मगरलोड थाने में दर्ज होने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर पुलिस ने सिहावा थाना क्षेत्र के ग्राम पाईकभाठा में दबिश दी। पुलिस ने घेराबंदी कर तीन आरोपियों को हिरासत में लिया, जिनसे पूछताछ करने पर उन्होंने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पकड़े गए तीनों आरोपी आपस में संबंधी बताए जा रहे हैं, जिन्होंने मिलकर इस संगठित लूट की योजना बनाई थी।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण और न्यायिक रिमांड
पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार किया है, जो सभी ग्राम पाईकभाठा के निवासी हैं:
- ओमकार कुर्रे (41 वर्ष): मुख्य साजिशकर्ता।
- राहुल कुर्रे (26 वर्ष): वारदात में शामिल।
- चांद कुर्रे (19 वर्ष): लूटपाट में संलिप्त।आरोपियों के विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जिला जेल धमतरी भेज दिया गया है। मामले के अन्य फरार साथियों की तलाश जारी है।
कार, मोबाइल और नगदी समेत मशरूका बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त महत्वपूर्ण सामग्रियां और लूटी गई संपत्ति बरामद की है। बरामद किए गए सामानों की सूची इस प्रकार है:
- घटना में प्रयुक्त वाहन: स्विफ्ट कार (क्रमांक CG 05 AP 6389)।
- संचार उपकरण: सैमसंग और ओप्पो कंपनी के मोबाइल फोन।
- वित्तीय बरामदगी: लूटी गई नगद राशि और ट्रांजेक्शन से संबंधित दस्तावेज।इन सभी सामग्रियों को गवाहों के समक्ष विधिवत जप्त कर पुलिस रिकॉर्ड में शामिल कर लिया गया है।
ग्रामीणों से सतर्क रहने और सूचना देने की अपील
इस घटना के बाद धमतरी पुलिस ने आम जनता और विशेषकर मवेशी परिवहन करने वाले ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कोई भी सिविल ड्रेस में व्यक्ति यदि खुद को पुलिस बताकर पैसों की मांग करे, तो तत्काल नजदीकी थाने को सूचित करें। इस सफल कार्रवाई से क्षेत्र में पुलिस की तत्परता की सराहना हो रही है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इन आरोपियों ने पहले भी इस तरह की फर्जी पहचान बताकर अन्य लोगों को अपना शिकार बनाया है।



