
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक बर्खास्त नगर सेना जवान द्वारा आत्महत्या की कोशिश के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया है। जवान संतोष पटेल ने अपनी बर्खास्तगी से परेशान होकर कलेक्ट्रेट परिसर में ही जहर का सेवन कर लिया। गंभीर हालत में उन्हें तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां से डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर कर दिया है। संतोष ने आत्मघाती कदम उठाने से पहले एक सुसाइड नोट भी लिखा था, जिसमें उन्होंने विभागीय अधिकारियों पर गंभीर प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। इस घटना ने विभाग के भीतर चल रहे असंतोष को सार्वजनिक कर दिया है।
दफ्तर में प्रदर्शन और जिला सेनानी के खिलाफ मोर्चा
जवान की हालत नाजुक होने की खबर मिलते ही उनके साथी नगर सेना कार्यालय परिसर में जमा हो गए और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारी जवान जिला सेनानी अनुज एक्का के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने की मांग कर रहे हैं। जवानों का आरोप है कि उन्हें बेवजह परेशान किया जा रहा है और अनुशासन के नाम पर तानाशाही की जा रही है। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले महिला सैनिकों ने भी अधिकारी के खिलाफ आवाज उठाई थी। अब सभी जवान संतोष पटेल की बहाली और जिम्मेदार अधिकारियों पर कानूनी शिकंजा कसने की मांग पर अड़े हुए हैं।



