
CM Helpline 1076: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर शुरू की गई ‘सीएम हेल्पलाइन 1076’ आम जनता की रोजमर्रा की समस्याओं को दूर करने में बेहद असरदार साबित हो रही है. शासन और जनता के बीच सीधे संवाद के लिए तैयार की गई यह व्यवस्था शिकायतों के त्वरित और समयबद्ध निपटारे की नई मिसाल बन रही है. मुख्यमंत्री द्वारा 9 जून को इस टोल-फ्री हेल्पलाइन सेवा की शुरुआत किए जाने के बाद से ही इसके जमीनी और सकारात्मक परिणाम दिखने लगे हैं. ताजा मामला कोरबा शहर के पंपहाउस क्षेत्र का है, जहां लगातार हो रही बिजली कटौती और लो-वोल्टेज की समस्या से परेशान एक नागरिक को इस हेल्पलाइन की मदद से चंद मिनटों में राहत मिल गई.
पंपहाउस क्षेत्र में वोल्टेज के उतार-चढ़ाव से परेशान थे रामकुमार साहू
कोरबा के पंपहाउस मोहल्ले के रहने वाले रामकुमार साहू पिछले कुछ दिनों से अपने इलाके में बिजली की आंख-मिचौली और बार-बार होने वाले वोल्टेज के उतार-चढ़ाव (अप-डाउन) से काफी ज्यादा परेशान थे. लो-वोल्टेज की वजह से घर के बिजली उपकरण काम नहीं कर रहे थे और उमस भरी गर्मी में रहना दूभर हो गया था. स्थानीय स्तर पर बिजली दफ्तर में सूचना देने के बाद भी जब समस्या का कोई स्थाई समाधान नहीं निकला, तो रामकुमार ने नवगठित सीएम हेल्पलाइन 1076 पर अपनी शिकायत दर्ज कराने का मन बनाया.

शाम 4 बजे दर्ज कराई शिकायत, एक्शन में आए बिजली विभाग के इंजीनियर
रामकुमार साहू ने अपने मोबाइल फोन के जरिए शाम को करीब 4 बजे सीधे सीएम हेल्पलाइन के टोल-फ्री नंबर 1076 पर कॉल किया. वहां मौजूद ऑपरेटर ने उनकी बिजली की समस्या को गंभीरता से सुना और कंप्यूटर सिस्टम पर शिकायत दर्ज करते ही उसे सीधे कोरबा के संबंधित विद्युत उपकेंद्र को फॉरवर्ड कर दिया. मुख्यमंत्री सचिवालय की सीधी निगरानी वाले इस पोर्टल से शिकायत मिलते ही बिजली विभाग का अमला तुरंत हरकत में आ गया. लाइनमैन और इंजीनियरों की एक तकनीकी टीम फौरन फाल्ट ढूंढने के लिए मौके पर रवाना हो गई.
ट्रांसफार्मर का न्यूट्रल वायर हुआ ठीक, ठीक 5 बजकर 9 मिनट पर लौटी बिजली
मौके पर पहुंची विद्युत विभाग की तकनीकी टीम ने जब पंपहाउस क्षेत्र को बिजली सप्लाई करने वाले 100 केवीए (KVA) क्षमता के मुख्य डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफार्मर की जांच की, तो वहां एक बड़ा फॉल्ट नजर आया. बिजली कर्मचारियों ने पाया कि ट्रांसफार्मर का न्यूट्रल वायर ढीला होकर कट गया था, जिसकी वजह से पूरे मोहल्ले में लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या आ रही थी. टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए न्यूट्रल लाइन को दुरुस्त किया. शिकायत दर्ज होने के ठीक एक घंटे के भीतर यानी शाम 5 बजकर 09 मिनट पर पूरे इलाके की बिजली व्यवस्था पूरी तरह सामान्य हो गई.
पीड़ित ग्रामीण ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की इस नई व्यवस्था का जताया आभार
complaint दर्ज होने के महज एक घंटे के भीतर समस्या का इतना सटीक और त्वरित समाधान देखकर रामकुमार साहू बेहद खुश हुए. उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार की इस अनूठी पहल की खुलकर तारीफ करते हुए कहा कि अब आम आदमी की आवाज बिना किसी दलाल या सिफारिश के सीधे सरकार तक पहुंच रही है. उन्होंने कोरबा और पूरे प्रदेश के अन्य नागरिकों से भी अपील की है कि वे अपनी किसी भी सरकारी विभाग से जुड़ी समस्या के लिए बेझिझक 1076 नंबर पर कॉल करें. रामकुमार ने आम जनता को यह बड़ी सहूलियत देने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति विशेष रूप से आभार व्यक्त किया है.
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