CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की 10 बड़ी खबरें बस्तर पैरी सिंचाई घोटाला, तेंदूपत्ता बिक्री का रिकॉर्ड, फाइटर्स में 5800 पदों पर भर्ती और रेड मड से कीमती खनिज निकालने के समझौते के साथ ही जानें नीट यूजी कटऑफ, भारी बारिश की तबाही, सीएजी की रिपोर्ट में खुलासा, सक्ती में खाद घोटाला, साल लकड़ी की तस्करी और पेपर लीक पर भड़के नेता प्रतिपक्ष का पूरा हाल समेत पढ़ें छत्तीसगढ़ की बड़ी खबरें…

CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की सभी बड़ी और छोटी खबरें रोजाना हमारी नजर में रहती हैं। दक्षिण कोसल के विशेष सेगमेंट ‘CG की 10 बड़ी खबरें’ में हम आपको समाचार जगत की हर गतिविधि का अपडेट सरल और सहज भाषा में प्रदान करेंगे। तो आइए, पत्रकारिता की इस दुनिया में बने रहें और छत्तीसगढ़ की हर ताजातरीन खबर से अपनी जानकारी को और विस्तृत करे

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बस्तर फाइटर्स भर्ती: स्थानीय युवाओं को मौका, चरणबद्ध तरीके से भरे जाएंगे पद

छत्तीसगढ़ सरकार ने बस्तर संभाग के युवाओं के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। राज्य सरकार ने बस्तर फाइटर्स में 5800 पदों पर सीधी भर्ती को मंजूरी दे दी है। इस भर्ती की खास बात यह है कि इसमें बस्तर क्षेत्र के स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। सरकार का मकसद स्थानीय युवाओं को रोजगार देने के साथ-साथ संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना है। पूरी भर्ती प्रक्रिया को एक साथ पूरा करने के बजाय चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। पहले चरण में 1500 पदों को भरने का लक्ष्य रखा गया है, जिसे दिसंबर 2026 तक पूरा किया जाना है। स्थानीय युवाओं को शामिल करने से नक्सल विरोधी अभियानों और ग्रामीण इलाकों की सुरक्षा में काफी मदद मिलने की उम्मीद है, क्योंकि वे वहां की भौगोलिक स्थिति और स्थानीय बोलियों को बेहतर समझते हैं। वन मंत्री केदार कश्यप ने भी इस फैसले का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री और गृह मंत्री का आभार जताया है।

रेड मड से निकलेंगे कीमती खनिज: CMDC और JNARDDC के बीच बड़ा समझौता

छत्तीसगढ़ अब अपनी खनिज संपदा का दायरा बढ़ाने जा रहा है। राज्य में एल्युमीनियम उद्योग से निकलने वाले कचरे यानी ‘रेड मड’ और बॉक्साइट के अवशेषों से गैलियम, वैनेडियम और स्कैंडियम जैसे बेशकीमती खनिज निकालने की तैयारी है। इसके लिए छत्तीसगढ़ मिनरल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CMDC) और नागपुर के जवाहरलाल नेहरू एल्युमिनियम रिसर्च डेवलपमेंट एंड डिजाइन सेंटर (JNARDDC) के बीच एक समझौता हुआ है। इस साझेदारी के तहत वैज्ञानिक रिसर्च के जरिए इन महत्वपूर्ण खनिजों को निकालने की आधुनिक तकनीक विकसित की जाएगी। ये तीनों खनिज इलेक्ट्रॉनिक्स, रक्षा क्षेत्र, सोलर सेल और हाई-टेक बैटरी बनाने में काम आते हैं। वर्तमान में भारत इन खनिजों के लिए दूसरे देशों पर निर्भर है। अगर यह प्रयोग सफल रहता है, तो कचरे से मोटी कमाई तो होगी ही, साथ ही छत्तीसगढ़ में नए उद्योगों और तकनीकी रोजगार के रास्ते भी खुलेंगे।

नीट यूजी 2026: सीटें बढ़ने के बाद भी सरकारी कॉलेजों में बढ़ेगा कटऑफ

छत्तीसगढ़ के मेडिकल छात्रों के लिए इस साल एमबीबीएस की 595 सीटें बढ़ी हैं, लेकिन इसके बावजूद सरकारी कॉलेजों में दाखिला मिलना आसान नहीं होगा। पांच नए सरकारी मेडिकल कॉलेज खुलने और पुराने कॉलेजों में सीटें बढ़ने के बाद भी इस बार कटऑफ ऊपर जाने की आशंका है। इसका मुख्य कारण परीक्षा में छात्रों का बेहद शानदार प्रदर्शन और हाई स्कोर है। इस साल राज्य के दो छात्रों ने संयुक्त रूप से 690 अंक हासिल किए हैं, जो पिछले साल के टॉपर के 684 अंकों से ज्यादा है। पिछले साल परीक्षा कठिन होने की वजह से 474 अंक वाले छात्र को भी सरकारी कॉलेज मिल गया था, लेकिन इस बार मुकाबला कड़ा है। दूसरी तरफ, निजी मेडिकल कॉलेजों में फीस बढ़ाने को लेकर विवाद जारी है। फीस विनियामक कमेटी ने निजी कॉलेजों की सालाना फीस 25 लाख रुपये करने की मांग को खारिज कर दिया है, जिससे कॉलेज प्रबंधन और सरकार के बीच तनातनी बनी हुई है।

पैरी सिंचाई परियोजना में घोटाला: स्वीकृत बजट से 14 करोड़ रुपये ज्यादा बांटे

गरियाबंद जिले की पैरी सिंचाई परियोजना में एक बड़ा वित्तीय घोटाला सामने आया है। साल 2008 में इस परियोजना के तहत नहर लाइनिंग के काम के लिए 53 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई थी। नियमों के मुताबिक खर्च इसी तय सीमा के भीतर होना चाहिए था, लेकिन अधिकारियों ने वित्तीय नियमों को ताक पर रखकर कुल 67.76 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया। विधानसभा के मानसून सत्र में विधायकों द्वारा यह मुद्दा उठाए जाने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। सरकार ने इस मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं। प्रमुख अभियंता कार्यालय ने अधीक्षण अभियंता संजय पाठक की अगुवाई में पांच सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। यह समिति यह पता लगाएगी कि वित्तीय नियमों का उल्लंघन कर इतनी बड़ी अतिरिक्त राशि का भुगतान किस आधार पर और किसकी मंजूरी से किया गया।

भारी बारिश का कहर: कोरबा और बिलासपुर में जनजीवन अस्त-व्यस्त, कई ट्रेनें रद्द

छत्तीसगढ़ के उत्तर और मध्य इलाकों में हो रही लगातार मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है। बिलासपुर में 32 करोड़ की लागत से बन रही नेहरू चौक से दर्रीघाट तक की सड़क पहली ही बारिश में धंस गई, जिससे पावर हाउस के पास 8 फीट गहरा गड्ढा हो गया। जलभराव और खराब सड़कों से नाराज ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे-49 पर लंबा चक्काजाम किया, जिससे कई किलोमीटर तक गाड़ियां फंस गईं।

वहीं कोरबा जिले के पोड़ी-उपरोड़ा ब्लॉक में हालात और भी खराब हैं। यहां 12 से ज्यादा पुलिया बह जाने के कारण 24 गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से पूरी तरह टूट गया है। तेज हवाओं के कारण बिजली के खंभे गिरने से 105 गांवों में अंधेरा छा गया है। पटरियों पर पानी भरने की वजह से बिलासपुर-रायपुर और कोरबा रूट की कई मेमू और एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द करना पड़ा है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।

दंतेवाड़ा में तेंदूपत्ता बिक्री का रिकॉर्ड: 4 हजार परिवारों को मिलेगा सीधा फायदा

छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले की गीदम लघु वनोपज समिति ने तेंदूपत्ता बेचने के मामले में एक नया इतिहास रचा है। राज्य लघु वनोपज संघ द्वारा आयोजित ऑनलाइन टेंडर में यहां का तेंदूपत्ता 10,609 रुपये और 10,909 रुपये प्रति मानक बोरा की रिकॉर्ड दर पर बिका है। इसने पिछले 38 सालों के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि इस ऐतिहासिक बिक्री से होने वाली अतिरिक्त कमाई को बोनस के रूप में वनाश्रित परिवारों को बांटा जाएगा। इस फैसले से गीदम समिति से जुड़े लगभग 4000 आदिवासी परिवारों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा। इस रिकॉर्ड तोड़ मुनाफे से बस्तर के आदिवासी अंचलों में संग्रहकों के बीच काफी उत्साह का माहौल है।

सीएजी रिपोर्ट का खुलासा: 4500 करोड़ खर्च होने के बाद भी 754 गांव विकास से दूर

छत्तीसगढ़ में खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास के लिए चलाई जा रही प्रधानमंत्री खनिज क्षेत्र कल्याण योजना (PMKKKY) में गंभीर गड़बड़ियां सामने आई हैं। भारत के नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (CAG) की रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में योजना के तहत 4,536.58 करोड़ रुपये खर्च किए गए, लेकिन इसका असली लाभ प्रभावित लोगों तक नहीं पहुंचा। ऑडिट किए गए 11 जिलों के 1,734 प्रभावित गांवों में से 754 गांवों में विकास का कोई काम नहीं हुआ। सीएजी ने पाया कि जिला खनिज संस्थान न्यास (DMF) की राशि का उपयोग नियमों के खिलाफ जाकर सरकारी दफ्तरों को सजाने और बनाने में किया गया। इसके अलावा, छत्तीसगढ़ भंडार क्रय नियमों का पालन न करने से 56 करोड़ रुपये से ज्यादा की वित्तीय अनियमितता हुई है। कई जिलों में स्वीकृत पद खाली होने के कारण योजनाओं की ठीक से निगरानी भी नहीं हो पा रही है।

सक्ती जिले में खाद घोटाला: दो समितियों से 5600 बोरी खाद गायब, प्रबंधक बर्खास्त

खरीफ सीजन की शुरुआत से ठीक पहले सहकारिता विभाग ने सक्ती जिले में बड़े खाद गबन का भंडाफोड़ किया है। चंद्रपुर और कलमा सेवा सहकारी समितियों के औचक निरीक्षण और स्टॉक सत्यापन के दौरान कुल 5,636 बोरी रासायनिक खाद गायब मिली। इस गड़बड़ी से सरकार को करीब 65.92 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। जांच के बाद चंद्रपुर समिति के प्रभारी प्रबंधक पीताम्बर निषाद को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है, क्योंकि उनके स्टॉक में 3,850 बोरी खाद कम पाई गई थी। वहीं, कलमा समिति के प्रभारी प्रबंधक केशव प्रसाद निषाद को कारण बताओ नोटिस जारी कर व्यक्तिगत स्पष्टीकरण मांगा गया है। सहकारिता विभाग के अधिकारियों का कहना है कि किसानों के हक की खाद में हेराफेरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर सहकारी अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

साल की लकड़ियों की तस्करी: कोरबा से काटकर अभनपुर आरा मिल भेजी, आरोपी गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ वन विभाग ने कीमती लकड़ियों की अवैध तस्करी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश किया है। कोरबा के सीएसईबी क्षेत्र से नियमानुसार अनुमति लेकर साल प्रजाति के 206 पेड़ काटे गए थे। सरकारी नियमों के अनुसार, इस लकड़ी को वन विभाग के सरकारी डिपो में जमा किया जाना था, लेकिन ठेकेदार सुनील गुप्ता ने इसे चोरी-छिपे रायपुर के अभनपुर स्थित एक निजी आरा मिल में भेज दिया। इस हेराफेरी का खुलासा तब हुआ जब कोरबा डीएफओ प्रेमलता यादव ने डिपो के स्टॉक की जांच की। स्टॉक में लकड़ी कम मिलने पर एक विशेष टीम बनाई गई, जिसने तकनीकी इनपुट के आधार पर अभनपुर की आरा मिल पर छापा मारा। वहां से करीब 8 से 10 लाख रुपये मूल्य की 20 घन मीटर साल की लकड़ी बरामद हुई है। वन विभाग ने आरा मिल को सील कर दिया है और मुख्य आरोपी सुनील गुप्ता को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत की चेतावनी: पेपर लीक सत्ता के संरक्षण में पनपी महामारी

छत्तीसगढ़ विधानसभा में अविश्वास प्रस्ताव गिरने के बाद नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने रायपुर में एक प्रेस वार्ता कर सरकार पर तीखे हमले किए। उन्होंने मुख्यमंत्री के उस बयान पर आपत्ति जताई जिसमें अविश्वास प्रस्ताव को लचर कहा गया था। महंत ने कहा कि अगर प्रस्ताव कमजोर था, तो सरकार के मंत्रियों को 10 घंटे तक जवाब क्यों देना पड़ा। उन्होंने मंत्रियों को अपनी ‘दुकानदारी’ बंद करने की चेतावनी भी दी। नीट परीक्षा में हुई गड़बड़ियों को लेकर राहुल गांधी के अभियान का समर्थन करते हुए महंत ने कहा कि देश में 2014 से अब तक 152 पेपर लीक हो चुके हैं। यह कोई प्रशासनिक लापरवाही नहीं बल्कि सत्ता के संरक्षण में चल रहा रैकेट है। उन्होंने छत्तीसगढ़ की एक छात्रा द्वारा खुदकुशी किए जाने का जिक्र करते हुए पीड़ित छात्रों को मुआवजा देने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग की।

नीट पेपर लीक के विरोध में रायपुर में प्रदर्शन: सोनम वांगचुक के समर्थन में उतरे युवा

देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने और दिल्ली में सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को हिरासत में लिए जाने के विरोध में रविवार को रायपुर में जोरदार प्रदर्शन हुआ। शहर के अंबेडकर चौक पर भारी बारिश के बीच विभिन्न छात्र और युवा संगठनों से जुड़े युवा इकट्ठा हुए। प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तख्तियां और पोस्टर लेकर केंद्र सरकार और शिक्षा व्यवस्था के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे युवाओं ने मांग की कि बार-बार होने वाले पेपर लीक से लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर लग जाता है, इसलिए परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए। युवाओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी दोहराई। सुरक्षा के लिहाज से प्रदर्शन स्थल पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा, हालांकि पूरा आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।

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Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

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