CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की 10 बड़ी खबरें 5 लाख कर्मचारियों के लिए कैशलेस इलाज की तैयारी, राहुल गांधी की हाई लेवल बैठक, धान खरीदी में ₹250 करोड़ की गड़बड़ी, BSP स्क्रैप चोरी में CISF जवान सस्पेंड, CBI-EOW की बड़ी कार्रवाई, NHM वेतन विवाद, बस्तर में मलेरिया का कहर और 1 अगस्त से सरकारी विभागों में प्रीपेड बिजली व्यवस्था लागू समेत पढ़ें छत्तीसगढ़ की बड़ी खबरें…

CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की सभी बड़ी और छोटी खबरें रोजाना हमारी नजर में रहती हैं। दक्षिण कोसल के विशेष सेगमेंट ‘CG की 10 बड़ी खबरें’ में हम आपको समाचार जगत की हर गतिविधि का अपडेट सरल और सहज भाषा में प्रदान करेंगे। तो आइए, पत्रकारिता की इस दुनिया में बने रहें और छत्तीसगढ़ की हर ताजातरीन खबर से अपनी जानकारी को और विस्तृत करे
5 लाख कर्मचारियों को कैशलेस इलाज की तैयारी, 29 जुलाई को बैठक
छत्तीसगढ़ के करीब 5 लाख सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवारों को जल्द ही कैशलेस इलाज की सुविधा मिल सकती है। राज्य सरकार इस योजना को अमलीजामा पहनाने में जुटी है। इसके लिए 29 जुलाई को मंत्रालय में एक अहम बैठक बुलाई गई है, जिसमें लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों से चर्चा करेंगे। राज्य सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में इस योजना के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। बैठक में सुझाव मिलने के बाद संशोधित प्रस्ताव को कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। इस व्यवस्था के लागू होने से कर्मचारियों को इलाज के दौरान अपनी जेब से पैसे खर्च करने और लंबे समय तक प्रतिपूर्ति का इंतजार करने से राहत मिलेगी।
मनरेगा सामग्री खरीदी घोटाला: EOW ने 8 पूर्व अफसरों पर कसा शिकंजा
राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने मनरेगा सामग्री खरीदी में 18 साल पुराने घोटाले को लेकर बड़ी कार्रवाई की है। कांकेर के तत्कालीन जिला पंचायत सीईओ समेत 8 पूर्व अधिकारियों के खिलाफ विशेष अदालत में करीब 6000 पन्नों का चालान पेश किया गया है। जांच के अनुसार, वर्ष 2006-07 और 2007-08 के दौरान नियमों की अनदेखी कर फ्लेक्सी बोर्ड, मस्टर रोल और अन्य सामग्री की खरीदी में 1.69 करोड़ रुपये की आर्थिक अनियमितता की गई थी। EOW ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और अन्य धाराओं के तहत यह आरोप पत्र दाखिल किया है। मुख्य आरोपी केपी देवांगन पर पहले से भी कई मामलों में जांच चल रही है।
जशपुर में गोवंश वध का मामला: 55 किलो मांस के साथ 10 गिरफ्तार
जशपुर जिले के कोतबा चौकी क्षेत्र में पुलिस ने गोवंश वध के आरोप में 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि बैगाबहार के बरगोड़ा नाले के पास कुछ लोग मवेशी की हत्या कर मांस बांटने की तैयारी कर रहे हैं। पुलिस ने मौके पर छापा मारकर 55 किलो कथित गोमांस, नकदी और हथियार बरामद किए। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने सभी आरोपियों को हथकड़ी लगाकर मुख्य मार्ग से पैदल जुलूस निकालते हुए बस तक पहुंचाया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में इस तरह के अपराधों को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बलौदाबाजार में 11 करोड़ का लोन घोटाला, केपेक्स प्राइवेट लिमिटेड पर FIR
बलौदाबाजार में धमतरी की केपेक्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी और उसके संचालकों के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने 11.38 करोड़ रुपये के बैंक लोन घोटाले में प्राथमिकी दर्ज की है। यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। जांच में सामने आया कि कंपनी को एक्सपोर्ट पैकिंग क्रेडिट के तहत ऋण मिला था, लेकिन राशि का उपयोग सीधे कारोबार में करने के बजाय इसे सहयोगी फर्मों के खातों में घुमाया गया। समय पर भुगतान न होने के कारण बैंक ने खाते को एनपीए घोषित कर दिया था। इस मामले में आयकर विभाग की टीम ने भी जांच पड़ताल की है।
भिलाई स्टील प्लांट में स्क्रैप चोरी मामला: CISF के 7 जवान सस्पेंड
भिलाई स्टील प्लांट (BSP) से 250 टन लौह स्क्रैप और ऑस्ट्रेलियन कोक चोरी के मामले में सुरक्षा में लापरवाही बरतने पर केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) ने 7 जवानों को निलंबित कर दिया है। इस मामले में पुलिस पहले ही बीएसपी के अधिकारियों और कर्मचारियों सहित 16 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। प्लांट परिसर से इतनी बड़ी मात्रा में सामग्री बाहर कैसे पहुंची, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।
राहुल गांधी ने बुलाई छत्तीसगढ़ कांग्रेस की बैठक, दिल्ली तलब किए गए दिग्गज
छत्तीसगढ़ कांग्रेस के संगठन और आगामी राजनीतिक रणनीतियों को लेकर 29 जुलाई को नई दिल्ली में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक होगी। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी इस बैठक की अध्यक्षता करेंगे। बैठक में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत और प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। इसमें पार्टी संगठन की मजबूती, जिला स्तर पर गतिविधियों को बढ़ाने और सरकार के खिलाफ आगामी आंदोलनों की रूपरेखा पर चर्चा की जाएगी।
छत्तीसगढ़ धान घोटाला: समर्थन मूल्य खरीदी में 1.27 लाख मीट्रिक टन धान का अंतर
खरीफ विपणन वर्ष के दौरान छत्तीसगढ़ में धान खरीदी के भौतिक सत्यापन में बड़ा अंतर सामने आया है। राज्य के उपार्जन और संग्रहण केंद्रों में लगभग 1.27 लाख मीट्रिक टन धान का हिसाब नहीं मिल रहा है, जिसकी कीमत 250 करोड़ रुपये से अधिक है। खाद्य विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कई केंद्रों पर समिति प्रबंधकों और ऑपरेटरों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। जिन केंद्रों पर गड़बड़ी पाई जा रही है, वहां के कर्मचारियों से वसूली और प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
33 दिन की हड़ताल का वेतन अटका, NHM कर्मियों ने की 1076 पर शिकायत
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के तहत काम करने वाले करीब 18 हजार कर्मचारी 33 दिनों की हड़ताल अवधि के वेतन का इंतजार कर रहे हैं। मंत्रियों और अधिकारियों द्वारा मंच से घोषणा किए जाने के एक महीने बाद भी आदेश जारी नहीं होने से कर्मचारियों में नाराजगी है। सुनवाई न होने पर अब प्रदेशभर के कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर 1076 पर बड़ी संख्या में शिकायतें दर्ज करानी शुरू कर दी हैं। कर्मचारियों का कहना है कि जल्द ही आदेश जारी नहीं होने पर वे आगे की रणनीति तय करेंगे।
बस्तर में मलेरिया का प्रकोप: 10 दिन में 3 बच्चों की मौत, मच्छरदानी नहीं बटने से नाराजगी
बस्तर संभाग में मलेरिया का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। नारायणपुर के एक बालक आश्रम में पिछले 10 दिनों के भीतर मलेरिया से तीन बच्चों की मौत हो चुकी है। इस साल जनवरी से अब तक संभाग में 8 हजार से अधिक मामले सामने आ चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग के दावों के विपरीत पिछले दो साल से स्थानीय स्तर पर मेडिकेटेड मच्छरदानी नहीं बांटी गई है, जिससे स्थिति और गंभीर होती जा रही है। मामलों के सामने आने के बाद स्वास्थ्य टीमों ने प्रभावित क्षेत्रों में जांच और उपचार तेज कर दिया है।
1 अगस्त से प्रीपेड बिजली कनेक्शन, सरकारी विभागों को जमा करना होगा एडवांस बिल
छत्तीसगढ़ में बिजली व्यवस्था को लेकर बड़ा बदलाव होने जा रहा है। राज्य पावर कंपनी ने 1 अगस्त से सरकारी विभागों के बिजली कनेक्शनों को प्रीपेड सिस्टम में बदलने की तैयारी पूरी कर ली है। सरकारी विभागों पर लंबे समय से बिजली बिल का बड़ा बकाया चल रहा है। इसे देखते हुए सभी विभागों को अपने कनेक्शन का तीन महीने का बिल एडवांस में जमा करना होगा। राज्यभर के करीब डेढ़ लाख सरकारी मीटरों को स्मार्ट मीटर में बदला गया है, ताकि समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जा सके।



