
CM Vishnu Deo Sai Assam Flood Relief: देश भर में मानसून की सक्रियता के साथ कई राज्यों में भारी बारिश और प्राकृतिक आपदा का दौर जारी है। पूर्वोत्तर राज्य असम इस समय सदी की सबसे भीषण बाढ़ और लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से जूझ रहा है। राज्य के कई हिस्सों में जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो चुका है और बड़े पैमाने पर नुकसान की खबरें सामने आ रही हैं। इस कठिन समय में छत्तीसगढ़ सरकार ने पड़ोसी राज्य की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है।
सीएम विष्णुदेव साय ने हिमंत बिस्वा सरमा से की बातचीत
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा से टेलीफोन पर बात कर वहां के मौजूदा हालात की जानकारी ली। बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री साय ने असम में आई प्राकृतिक आपदा पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने आश्वस्त किया कि इस मुश्किल घड़ी में छत्तीसगढ़ की जनता पूरी तरह असम के लोगों के साथ खड़ी है।
राहत और पुनर्वास कार्यों के लिए 5 करोड़ की वित्तीय सहायता
फोन पर हुई चर्चा के तुरंत बाद छत्तीसगढ़ सरकार ने असम के बाढ़ पीड़ितों के लिए 5 करोड़ रुपये की राहत राशि देने की घोषणा कर दी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि इस सहायता राशि का उपयोग असम में जारी राहत और पुनर्वास कार्यों में किया जाएगा। उन्होंने मां कामाख्या से सभी प्रभावित परिवारों की सुरक्षा और जल्द सामान्य स्थिति बहाल होने की प्रार्थना भी की।
जुलाई से जारी मूसलाधार बारिश ने बढ़ाई असम की मुश्किलें
असम में जुलाई के मध्य से ही मूसलाधार बारिश का सिलसिला बना हुआ है। लगातार हो रही बारिश से नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है, जिससे राज्य के दर्जनों जिले बाढ़ की गंभीर चपेट में हैं। बुनियादी ढांचे के नुकसान के साथ-साथ कई लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। पूरे देश से सामाजिक और शासकीय स्तर पर राहत सामग्री और आर्थिक मदद पहुंचाई जा रही है।
नया मानसून सिस्टम एक्टिव, छत्तीसगढ़ में भी भारी बारिश का अलर्ट
एक तरफ असम में बाढ़ का कहर है, तो दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ में भी मौसम विभाग ने मूसलाधार बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई हिस्सों में नया मानसूनी सिस्टम सक्रिय होने से घने बादल छाए हुए हैं। बीते दिनों हुई झमाझम बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई थी। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अगले तीन दिनों तक राज्य के विभिन्न जिलों में हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना जताई गई है।
आपदा के दौर में अंतरराज्यीय सहयोग की मिसाल
प्राकृतिक आपदाओं के समय राज्यों के बीच आपसी सहयोग की यह पहल काफी सराहनीय मानी जा रही है। 5 करोड़ रुपये की यह मदद असम में राहत शिविरों के संचालन, दवाइयों की व्यवस्था और प्रभावित परिवारों के पुनर्वास में महत्वपूर्ण साबित होगी। प्रशासनिक स्तर पर फंड ट्रांसफर की कागजी प्रक्रिया को तेजी से पूरा किया जा रहा है ताकि राशि समय पर जरूरतमंदों तक पहुंच सके।
पूर्वोत्तर राज्यों में लगातार बिगड़ रहे हालात पर केंद्र की नजर
असम के साथ-साथ आसपास के राज्यों में भी मानसूनी बारिश से स्थितियां संवेदनशील बनी हुई हैं। केंद्रीय गृह मंत्रालय और राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल की टीमें लगातार स्थानीय प्रशासन के संपर्क में हैं। राहत सामग्री के हवाई वितरण और फंसे हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। छत्तीसगढ़ की इस मदद से असम प्रशासन को राहत कार्यों को गति देने में बड़ी सहायता मिलेगी।



