
Janjgir Champa Cyber Crime: जांजगीर-चांपा जिले में साइबर पुलिस ने ठगी के एक बेहद अनोखे और शातिराना मामले का पर्दाफाश किया है। यहां दो आरोपी हेडफोन और ब्लूटूथ तकनीक की मदद से फोन पर लड़की जैसी सुरीली आवाज निकालते थे। इसके बाद वे लोगों को अपने जाल में फंसाकर शादी और रिश्ते की बात आगे बढ़ाते थे। रिश्ता पक्का करने की आड़ में एडवांस रकम ऐंठने के बाद आरोपी फोन स्विच ऑफ कर गायब हो जाते थे। पुलिस ने गिरोह के दोनों सदस्यों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
ऐसे हुआ पर्दाफाश, पीड़ित की शिकायत से खुली साइबर ठगी की कड़ियां
Cyber Crime Alerts: इस पूरे नेटवर्क का खुलासा पीड़ित अजय राठौर की सतर्कता से हुआ। 15 अगस्त को अजय ने साइबर थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई कि एक अज्ञात व्यक्ति ने अस्पताल का बहाना बनाकर उससे नकद राशि मांगी थी। आरोपी ने अजय के फोन-पे पर दो हजार रुपये भेजे और बदले में उनसे नकद रुपये ले लिए। कुछ दिनों बाद जब अजय का बैंक खाता अचानक होल्ड हो गया, तब पता चला कि उसके खाते में आई रकम साइबर फ्रॉड से जुड़ी थी। इसके बाद पुलिस ने मोबाइल नंबर और बैंक लेन-देन खंगालना शुरू किया।
5 जिलों तक फैला था ठगी का जाल, कई पीड़ित अब भी खामोश
Janjgir Fake Marriage Cyber Fraud: जांजगीर-चांपा पुलिस की पड़ताल आगे बढ़ी तो पता चला कि आरोपियों का दायरा केवल एक जिले तक सीमित नहीं था। साइबर क्राइम पोर्टल और बैंक डिटेल की जांच में कवर्धा, रायपुर, बलौदाबाजार, बालोद और महासमुंद जिलों से जुड़े सुराग भी मिले हैं। आरोपियों के खातों में कई अलग-अलग लोगों से ठगी गई राशि जमा होने के सबूत मिले हैं। आरोपियों के मोबाइल से मिली व्हाट्सऐप चैट से कई अन्य पीड़ितों की पहचान हुई है, जिन्होंने फिलहाल पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराई है।
पवित्र रिश्ता डॉट कॉम के पैंपलेट और वॉइस चेंजर डिवाइस जब्त
Janjgir Champa Crime Update: पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से दो स्मार्टफोन, आधुनिक हेडफोन, व्हाट्सऐप चैट के फॉरेंसिक साक्ष्य और ‘पवित्र रिश्ता डॉट कॉम’ नाम के फ्लेक्सी-पैंपलेट बरामद किए गए हैं। आरोपी इन्हीं पैंपलेट और फर्जी विज्ञापनों के जरिए शादी के इच्छुक लोगों का नंबर हासिल करते थे और फिर लड़की की आवाज में बात करके उन्हें अपने जाल में फंसाते थे।
आईटी एक्ट और बीएनएस की धाराओं में केस दर्ज, आरोपी पहुंचे जेल
जांजगीर-चांपा साइबर थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं और आईटी एक्ट की धारा 66(डी) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बैंक खातों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का फॉरेंसिक विश्लेषण जारी है, जिससे ठगी की कुल रकम का आंकड़ा और बढ़ सकता है। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।



