
CG Mantralaya Junior Secretariat Assistant Contract Bharti: छत्तीसगढ़ सरकार ने मंत्रालय में लंबे समय से खाली पड़े पदों को भरने के लिए एक बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है. राजधानी रायपुर स्थित मंत्रालय में कनिष्ठ सचिवालय सहायक (ग्रेड-3) के रिक्त पदों पर अब संविदा के आधार पर नियुक्तियां की जाएंगी. दरअसल व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापम) के जरिए होने वाली नियमित भर्ती प्रक्रिया पिछले एक साल से ठप पड़ी है, जिसके कारण दफ्तरों का कामकाज प्रभावित हो रहा था. इसी समस्या को दूर करने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) ने संविदा भर्ती के नियमों को हरी झंडी दे दी है.
कनिष्ठ सचिवालय सहायक (ग्रेड-3) की संविदा भर्ती से जुड़ी पूरी जानकारी: Junior Secretariat Assistant Bharti 2026
| भर्ती का विवरण | महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश और शर्तें |
| विभाग का नाम | सामान्य प्रशासन विभाग (GAD), छत्तीसगढ़ शासन |
| पद का नाम | कनिष्ठ सचिवालय सहायक (ग्रेड-3) / जूनियर सेक्रेटेरिएट असिस्टेंट |
| कुल रिक्त पद | 145 पद |
| भर्ती का प्रकार | संविदा नियुक्ति (छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियम 2012 के तहत) |
| किन्हें मिलेगी प्राथमिकता | केंद्र सरकार, छत्तीसगढ़ शासन, केंद्र शासित या राज्य के सार्वजनिक उपक्रमों से सेवानिवृत्त और अनुभवी कर्मचारियों को |
| अधिकतम आयु सीमा | आवेदन की आखिरी तारीख तक उम्मीदवार की उम्र 70 वर्ष से कम होनी चाहिए |
| आवश्यक तकनीकी योग्यता | हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में कंप्यूटर टाइपिंग का अच्छा ज्ञान होना अनिवार्य है |
| डिजिटल कार्य का अनुभव | ई-मेल संचालन, माइक्रोसॉफ्ट वर्ड, एक्सेल, पावर पॉइंट और सरकारी पोर्टलों पर काम करने का व्यावहारिक अनुभव |
| सर्विस रिकॉर्ड की शर्त | सेवानिवृत्ति से पहले के आखिरी 3 वर्षों का गोपनीय प्रतिवेदन (ACR) “बहुत अच्छा” या उससे ऊपर होना चाहिए |
कामकाज प्रभावित होने के कारण लिया गया त्वरित निर्णय
मंत्रालय के भीतर कनिष्ठ सचिवालय सहायक के कुल 145 पद खाली हैं. इन पदों को भरने के लिए जुलाई 2025 से ही नियमित भर्ती की रूपरेखा तैयार की गई थी, लेकिन किन्हीं कारणों से व्यापम इस प्रक्रिया को आगे नहीं बढ़ा सका. बड़ी संख्या में कुर्सियां खाली होने से सचिवालय का रोजमर्रा का काम काज बुरी तरह प्रभावित हो रहा था. इस आपात स्थिति से निपटने के लिए अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव विधि और सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव की उच्च स्तरीय बैठक हुई, जिसमें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियम 2012 के तहत संविदा नियुक्ति करने पर सहमति बनी.
सेवानिवृत्त और अनुभवी कर्मचारियों को दी जाएगी प्राथमिकता
शासन द्वारा तय किए गए नए नियमों के मुताबिक इन पदों पर काम करने के लिए अनुभवी और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जाएगी. भर्ती प्रक्रिया के तहत आवेदन करने वाले पूर्व कर्मचारियों के पास निर्धारित शैक्षणिक योग्यता के साथ-साथ शासकीय कामकाज का लंबा तजुर्बा होना जरूरी है. सरकार का मानना है कि अनुभवी स्टाफ के आने से बिना किसी अतिरिक्त ट्रेनिंग के मंत्रालय के लंबित कामों को तेजी से निपटाया जा सकेगा और फाइलों के कछुआ चाल पर लगाम लगेगी.
कंप्यूटर टाइपिंग और डिजिटल कार्यप्रणाली में दक्षता अनिवार्य
चूंकि यह पद पूरी तरह सचिवालयीन और लिपिकीय प्रकृति का है, इसलिए आवेदकों के लिए तकनीकी रूप से सक्षम होना अनिवार्य किया गया है. संविदा पर आने वाले कर्मियों को हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में कंप्यूटर टाइपिंग का अच्छा ज्ञान होना चाहिए. इसके अलावा उन्हें रोजाना के दफ्तरी काम जैसे ई-मेल संचालन, माइक्रोसॉफ्ट वर्ड, एक्सेल शीट तैयार करना, पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन बनाना और अन्य ऑनलाइन सरकारी पोर्टलों पर काम करने का व्यावहारिक अनुभव होना आवश्यक है.
अंतिम तीन वर्षों का गोपनीय रिकॉर्ड देखा जाएगा
भर्ती को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के लिए सरकार ने एक और कड़ा मापदंड तय किया है. आवेदन करने वाले सेवानिवृत्त कर्मचारी की पुरानी सेवा के आखिरी तीन वर्षों का गोपनीय प्रतिवेदन (एसीआर) खंगाला जाएगा. जिन कर्मचारियों के सर्विस रिकॉर्ड में “बहुत अच्छा” या उससे ऊपर का ग्रेड दर्ज होगा, केवल उन्हीं के आवेदनों पर विचार किया जाएगा. दागदार छवि या खराब कार्यशैली वाले पूर्व कर्मचारियों को इस प्रक्रिया से पूरी तरह दूर रखा जाएगा.
सत्तर वर्ष से कम आयु के रिटायर्ड कर्मी कर सकेंगे आवेदन
इस संविदा भर्ती के दायरे में केंद्र सरकार, छत्तीसगढ़ शासन, केंद्र शासित प्रदेशों और राज्य के विभिन्न सार्वजनिक उपक्रमों से नियमित रूप से सेवानिवृत्त हुए कर्मचारी शामिल हो सकते हैं. आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि तक उम्मीदवार की उम्र 70 वर्ष से कम होनी चाहिए. 70 साल की आयु सीमा पार कर चुके लोग इस पद के लिए पात्र नहीं माने जाएंगे. इसके लिए विभाग जल्द ही आधिकारिक विज्ञापन जारी कर आवेदन मंगाने की शुरुआत करेगा.
कर्मचारी संगठनों ने अनुकंपा के लंबित मामलों को जोड़ने की मांग की
सरकार के इस फैसले पर कर्मचारी नेताओं ने अपनी प्रतिक्रिया देनी शुरू कर दी है. छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ कर्मचारी नेता विजय कुमार झा ने कहा कि प्रदेश में सहायक ग्रेड-3 के पदों पर नियमित भर्तियां न होना चिंता का विषय है. उन्होंने सरकार से मांग की है कि जिला निर्वाचन कार्यालयों में वर्षों से सेवाएं दे रहे संविदा कर्मचारियों और राज्य में अनुकंपा नियुक्ति के लिए भटक रहे आश्रितों को प्राथमिकता दी जाए. उन्होंने सुझाव दिया कि इन 145 पदों पर योग्य युवाओं को समायोजित करना अधिक न्यायसंगत होगा.



