
CG Weather Update Today: संभाग में कड़ाके की ठंड और शीतलहर ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। रविवार को छत्तीसगढ़ के ‘शिमला’ कहे जाने वाले मैनपाट में न्यूनतम तापमान गिरकर 1.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे सुबह के वक्त घास और मैदानों पर जमी ओस बर्फ की सफेद चादर जैसी नजर आई। सरगुजा के ऊपरी इलाकों के साथ-साथ मैदानी क्षेत्रों में भी पाला पड़ने से फसलों को नुकसान की आशंका बढ़ गई है। अंबिकापुर समेत आसपास के इलाकों में कोहरे का असर इतना गहरा है कि विजिबिलिटी महज कुछ मीटर तक ही सीमित रह गई है।

उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ में घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी
Today CG Weather News: विभाग ने अगले दो दिनों के लिए सरगुजा और बिलासपुर संभाग के कई जिलों में घने कोहरे की चेतावनी दी है। विशेष रूप से सूरजपुर, बलरामपुर, जशपुर, कोरिया और पेंड्रा जैसे जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले 48 घंटों तक कोहरे और कड़ाके की ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम है, हालांकि दो से तीन दिनों के बाद तापमान में हल्की बढ़ोतरी शुरू हो सकती है। रायपुर और आसपास के इलाकों में भी धुंध का असर देखा जा रहा है, जिससे सुबह के वक्त वाहन चलाने वालों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

बच्चों में बढ़ रहा हाइपोथर्मिया का खतरा, अस्पताल पहुंचे सैकड़ों मामले
CG Health Update: विशेषज्ञों ने कड़ाके की ठंड के बीच बच्चों की सेहत को लेकर बड़ी चेतावनी जारी की है। अकेले रायपुर के अंबेडकर अस्पताल और निजी क्लीनिकों में पिछले एक महीने के भीतर हाइपोथर्मिया के 400 से ज्यादा मामले दर्ज किए गए हैं। डॉक्टरों का कहना है कि नवजात और छोटे बच्चों का शरीर वयस्कों के मुकाबले बहुत तेजी से अपनी गर्मी खो देता है। विशेष रूप से सीजेरियन डिलीवरी वाले शिशुओं में यह खतरा अधिक देखा जा रहा है। अस्पताल की ओपीडी में सर्दी-खांसी और वायरल फीवर के मरीजों की भीड़ लगातार बढ़ रही है।
हाइपोथर्मिया के लक्षण और बचाव की जरूरी सावधानियां
विशेषज्ञों के मुताबिक हाइपोथर्मिया एक आपातकालीन स्थिति है, जिसमें शरीर का तापमान 37 डिग्री सेल्सियस से काफी नीचे चला जाता है। ऐसी स्थिति में शरीर के अंग सही ढंग से काम करना बंद कर देते हैं और यह जानलेवा भी हो सकता है। ठंडी हवा और नमी के संपर्क में आने पर शरीर तेजी से ठंडा होता है। डॉक्टरों ने सलाह दी है कि बच्चों और बुजुर्गों को गर्म कपड़ों की कई परतों में रखें और उन्हें सीधे ठंडी हवा के संपर्क में आने से बचाएं। तापमान में गिरावट के दौरान गुनगुने पानी और ताजा भोजन का सेवन करना फायदेमंद होता है।
राहत के लिए अलाव का सहारा और प्रशासन की तैयारी
Today Raipur Weather Update: नगर निगम ने बढ़ती ठंड को देखते हुए शहर के प्रमुख चौराहों, रैन बसेरों और बस स्टैंड जैसे 12 से अधिक सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलाने की व्यवस्था की है। रेलवे स्टेशन और अस्पतालों के बाहर खुले में सोने वाले लोगों के लिए यह अलाव बड़ी राहत साबित हो रहे हैं। वहीं ग्रामीण इलाकों में भी लोग सुबह और शाम के वक्त खुद को गर्म रखने के लिए पारंपरिक अलाव का सहारा ले रहे हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि 22 दिसंबर के बाद न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री की क्रमिक वृद्धि होगी, जिससे कड़ाके की ठंड से कुछ हद तक निजात मिल सकती है।



