
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल (CGBSE) ने कक्षा 12वीं के हिंदी विषय की परीक्षा को लेकर एक बेहद कड़ा और बड़ा फैसला लिया है। सोशल मीडिया पर पेपर लीक होने की शिकायतों और व्यापक विरोध के बाद बोर्ड ने 14 मार्च 2026 को आयोजित हुई हिंदी की परीक्षा को आधिकारिक तौर पर रद्द कर दिया है। बोर्ड की ओर से जारी नए आदेश के मुताबिक, अब छात्र-छात्राओं को इस विषय के लिए दोबारा मेहनत करनी होगी। हिंदी की नई परीक्षा आगामी 10 अप्रैल 2026 को आयोजित की जाएगी। इस फैसले ने जहां लाखों छात्रों की चिंता बढ़ा दी है, वहीं बोर्ड ने परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए इसे जरूरी कदम बताया है।

पेपर लीक का दावा और NSUI का विरोध प्रदर्शन
इस पूरे विवाद की शुरुआत तब हुई जब छात्र संगठन NSUI ने दावा किया कि 14 मार्च को हुई परीक्षा से ठीक पहले प्रश्नपत्र के कुछ हिस्से सोशल मीडिया और व्हाट्सऐप ग्रुपों पर तेजी से वायरल हो गए थे। संगठन ने आरोप लगाया कि पेपर लीक होने से मेहनती छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है। मामले ने तब तूल पकड़ा जब NSUI के कार्यकर्ताओं ने छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल के दफ्तर का घेराव किया और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। बढ़ते दबाव और प्राथमिक जांच में मिली गड़बड़ी की आशंका को देखते हुए बोर्ड ने पेपर निरस्त करने का निर्णय लिया।
कोतवाली थाने में FIR दर्ज, साइबर सेल ने शुरू की जांच
पेपर लीक की गंभीरता को देखते हुए माध्यमिक शिक्षा मंडल ने केवल परीक्षा रद्द करने पर ही संतोष नहीं किया, बल्कि कानूनी कार्रवाई भी तेज कर दी है। बोर्ड की ओर से रायपुर के सिटी कोतवाली थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। मामले की कमान अब पुलिस की साइबर सेल के हाथों में है, जो उन मोबाइल नंबरों और आईपी एड्रेस को ट्रैक कर रही है जहां से सबसे पहले प्रश्नपत्र साझा किया गया था। पुलिस का कहना है कि जांच के दायरे में कुछ कोचिंग संस्थान और परीक्षा केंद्र के कर्मचारी भी आ सकते हैं, ताकि इस गिरोह का पर्दाफाश किया जा सके।

छात्रों के लिए नई गाइडलाइन और अगली तैयारी
अब 10 अप्रैल को होने वाली परीक्षा के लिए बोर्ड ने सुरक्षा के इंतजाम और अधिक पुख्ता करने के निर्देश दिए हैं। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे अपने पुराने रोल नंबर और प्रवेश पत्र को सुरक्षित रखें, क्योंकि उन्हीं के आधार पर उन्हें दोबारा परीक्षा केंद्र में प्रवेश मिलेगा। बोर्ड ने यह भी साफ किया है कि बाकी विषयों की परीक्षाएं अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही जारी रहेंगी और केवल हिंदी विषय के समय में ही बदलाव किया गया है। परीक्षार्थियों से अपील की गई है कि वे सोशल मीडिया पर फैलने वाली किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक वेबसाइट पर जारी सूचनाओं पर ही भरोसा करें।



