
छत्तीसगढ़ कैबिनेट का बड़ा फैसला, शासकीय सेवकों और संविदाकर्मियों समेत कई वर्गों को मिलेगा लाभ
रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत का फैसला लिया गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में 9 सितंबर 2026 को हुई कैबिनेट बैठक में सरकारी कर्मचारियों की अधिकतम आयु सीमा 38 वर्ष से बढ़ाकर 45 वर्ष करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है।
यह फैसला राज्य शासन के अधीन काम करने वाले कर्मचारियों के लिए दूसरी शासकीय सेवाओं और उच्च पदों पर आवेदन के अवसर बढ़ाएगा।
किन कर्मचारियों को मिलेगा फायदा?
कैबिनेट के फैसले के मुताबिक यह सुविधा स्थायी और अस्थायी शासकीय सेवकों के साथ-साथ निगम-मंडल एवं स्वशासी संस्थाओं के कर्मचारियों, संविदाकर्मियों और नगर सैनिकों को भी मिलेगी।
अब ये कर्मचारी अन्य शासकीय सेवाओं और उच्च पदों के लिए आवेदन करते समय 45 वर्ष तक की अधिकतम आयु सीमा का लाभ ले सकेंगे।
38 साल की जगह अब 45 साल की उम्र सीमा
पहले निर्धारित अधिकतम आयु सीमा 38 वर्ष थी। कैबिनेट के नए फैसले के बाद इसे बढ़ाकर 45 वर्ष कर दिया गया है। यानी पात्र कर्मचारियों को सरकारी सेवा में रहते हुए दूसरी शासकीय सेवा या उच्च पद के लिए आवेदन करने के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा।
सरकार का मानना है कि इस फैसले से शासकीय और संबद्ध संस्थाओं में काम कर रहे कर्मचारियों को उच्च पदों और अन्य सेवाओं में आगे बढ़ने के अधिक अवसर मिलेंगे।
जारी होंगे एकीकृत दिशा-निर्देश
इस फैसले को लागू करने के लिए राज्य शासन की ओर से एकीकृत स्थायी दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे। इन दिशा-निर्देशों के माध्यम से आयु सीमा से जुड़े प्रावधानों को स्पष्ट किया जाएगा।
कर्मचारियों के लिए क्यों अहम है यह फैसला?
सरकारी सेवा में पहले से कार्यरत कई कर्मचारियों के लिए दूसरी शासकीय सेवा या उच्च पद पर जाने के लिए आयु सीमा एक महत्वपूर्ण बाधा बन सकती थी। अब अधिकतम आयु सीमा 45 वर्ष किए जाने से उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं और उच्च पदों के लिए आवेदन करने का अतिरिक्त अवसर मिलेगा।



