सरकारी स्कूल के महिला टीचर की मनमानी: 5 मिनट देरी से आने पर बच्चों के बैग खेत में फेंके

CG Teacher News: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में एक सरकारी स्कूल में पदस्थ महिला शिक्षिका की मनमानी का मामला सामने आया है। शिक्षिका ने कक्षा में पाँच मिनट देरी से पहुँचने वाले स्टूडेंट्स के स्कूल बैग को क्लासरूम से उठा-उठाकर स्कूल कैंपस से लगे खेत में फेंक दिया। शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मजीरा में क्लास रूम की कमी के चलते 11वीं की कुछ कक्षाएं 100 मीटर दूर प्राथमिक माध्यमिक शाला में संचालित की जाती हैं। कक्षा को खाली देखकर अंग्रेजी लेक्चरर नाराज हो गईं और गुस्से में आकर सभी स्टूडेंट्स के बैग को बाहर फेंक दिया।

छोटे बच्चों के सामने की शर्मनाक हरकत, छात्रों ने प्राचार्य से की शिकायत

Surajpur Incident: स्टूडेंट्स जब क्लासरूम में वापस आए और बैग न देखा, तो अवाक रह गए। सामने की कक्षा के छोटे बच्चों ने डरते हुए बताया कि मैम आई थीं और गुस्से में सभी के बैग को खेत में फेंक दिया है। स्टूडेंट्स ने सीधे प्राचार्य के पास पहुँचकर इसकी शिकायत दर्ज कराई। प्राथमिक कक्षा के बच्चों से पूछताछ करने पर उन्होंने भी मैडम द्वारा स्कूल बैग को क्लासरूम से बाहर फेंकने की बात कही। यह घटना शिक्षिका के अनुशासन के तरीके पर गंभीर सवाल खड़े करती है।

पालकों में भारी रोष, DEO से शिकायत करने की तैयारी

स्टूडेंट्स के साथ महिला टीचर के इस तरह के बर्ताव को लेकर पालकों में भारी रोष देखा जा रहा है। नाराज पालकों ने बताया कि पूरी घटना की शिकायत डीईओ से की जाएगी। 11वीं की एक छात्रा के पिता बबलू सिन्हा ने फोन पर बातचीत में कहा कि “यह विद्या का अपमान है, बच्चों का अपमान है।” उन्होंने आरोप लगाया कि खेत में बैग फेंक देने से बच्चों को खेत में उतरना पड़ा; अगर कोई अनहोनी हो जाती, तो जिम्मेदार कौन होता। ग्रामीणों का आरोप है कि जिले में शिक्षकों की मनमानी चरम पर है।

बच्चों के आत्मविश्वास पर चोट, प्राचार्य ने घटना स्वीकार की

ग्रामीणों का आरोप है कि शिक्षकों की यह मनमानी न केवल पढ़ाई का माहौल बिगाड़ रही है, बल्कि बच्चों के आत्मविश्वास को भी चूर-चूर कर रही है। प्राचार्य से संपर्क करने पर उन्होंने स्वीकार किया कि बस्ते फेंके जाने की बात सामने आई है। शिक्षा के क्षेत्र में अनुशासन के नाम पर इस तरह का अमानवीय व्यवहार बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य और शिक्षण के माहौल के लिए हानिकारक है।

Also Read: VIDEO: होमवर्क न करने की तालिबानी सजा: होमवर्क नहीं किया तो शिक्षिकाओं ने बच्चे को पेड़ से लटकाया

दक्षिण कोसल का Whatsapp Group ज्वाइन करे

Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

Related Articles

Back to top button