
Online Extortion PhonePe Loot: देश आज डिजिटिल इंडिया की ओर आगे बढ़ रहा वही अपराधियों ने इसमें भी लूट के कई तरकीब ढूंढ निजात कर लिए है ऐसी ही एक घटना छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में अपराधियों ने डकैती और लूटपाट का एक बिल्कुल नया और चौंकाने वाला तरीका अपनाया है. आज के इस डिजिटल दौर में जब लोग अपनी जेब में नगदी रखना कम कर चुके हैं, तो लुटेरों ने भी अपनी रणनीति बदल दी है. अब वे राहगीरों की जेब खंगालने के बजाय सीधे पीड़ित के मोबाइल फोन से अपने बैंक खातों में ऑनलाइन रकम ट्रांसफर करवा रहे हैं. बिलासपुर के सकरी और सिटी कोतवाली थाना क्षेत्रों में हुई दो अलग-अलग वारदातों ने पुलिस प्रशासन की नींद उड़ा दी है और आम जनता को अधिक सतर्क रहने पर मजबूर कर दिया है।
रात के अंधेरे में हाइवा रोककर किया हमला, नाले में गिरे चालक को बंधक बनाकर पीटा
पहली सनसनीखेज वारदात सकरी थाना क्षेत्र के संबलपुर तालाब के पास हुई. उस्लापुर शिव नगर निवासी हाइवा चालक महेश कुमार कोशले एक जून की रात को अपने साथियों दीपक मानिकपुरी और दुर्गेश यादव के साथ वाहन लेकर जा रहे थे. रात करीब एक बजे संबलपुर तालाब के पास जंगल की तरफ से कुछ संदिग्ध रोशनी दिखाई दी. जब चालक नीचे उतरा तो वहां चार नकाबपोश बदमाश पहले से घात लगाए बैठे थे. अनहोनी की आशंका के चलते चालक और उसके दोस्त भागने लगे, लेकिन महेश का पैर फिसल गया और वह नाले में गिर गए. इसके बाद बदमाशों ने उन्हें दबोच लिया और जंगल में ले जाकर लाठियों से बेरहमी से पीटा।
जान से मारने की धमकी देकर पूछा पासवर्ड, मालिक के फोन-पे से खाते में उड़ाए दस हजार
बदमाशों ने इसके बाद चालक महेश को बंधक बना लिया और जान से मारने की धमकी देते हुए हाइवा के मालिक श्रवण यादव को फोन मिलाया. खौफ का माहौल पैदा कर लुटेरों ने चालक से उसके मोबाइल का ऑनलाइन ट्रांजैक्शन पासवर्ड और आईडी पूछ लिया. इसके बाद आरोपियों ने हाइवा मालिक से दो-दो हजार रुपये करके कुल 10 हजार रुपये अपने फोन-पे खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए. अपराधियों की चालाकी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वे पैसे ट्रांसफर करने के बाद चालक का वह कीमती वन-प्लस मोबाइल फोन, चांदी की चेन और अन्य सामान भी लूटकर भाग गए।
बीच शहर के गांधी चौक में फिल्मी अंदाज में लूट, पंखा खरीदने के बहाने दुकान में घुसे बदमाश
लूट की दूसरी घटना शहर के सबसे व्यस्ततम व्यावसायिक इलाके सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के गांधी चौक में सामने आई. यहां स्थित ‘अविनाश इलेक्ट्रिकल्स’ के संचालक अविनाश चौधरी अपनी दुकान पर मौजूद थे. इसी दौरान सफेद रंग की एक्टिवा स्कूटी पर सवार दो नकाबपोश युवक वहां पहुंचे. एक आरोपी स्कूटी चालू करके बाहर ही खड़ा रहा, जबकि दूसरा चेहरा ढके हुए दुकान के भीतर दाखिल हुआ. उसने दुकानदार से सीलिंग फैन दिखाने को कहा, जिससे दुकानदार काम में व्यस्त हो गया।
घर पर बात करने का बहाना बनाकर मांगा मोबाइल, वापस मांगने पर फेंक कर मारा सीलिंग फैन
दुकान में घुसे आरोपी ने चालाकी दिखाते हुए दुकानदार से कहा कि उसे पंखे की पसंद के बारे में घर पर बात करनी है और इसके लिए उसने अविनाश से उनका मोबाइल फोन मांग लिया. बातचीत खत्म होने के बाद जब अविनाश ने अपना आईफोन वापस मांगा, तो आरोपी ने मोबाइल लौटाने का नाटक किया. इसी बीच उसने टेबल पर रखा भारी-भरकम सीलिंग फैन उठाकर सीधे दुकानदार के सिर पर दे मारा. अचानक हुए इस हमले से अविनाश के सिर में गंभीर चोट आई और इसी का फायदा उठाकर आरोपी उनके हाथ से आईफोन 13 प्रो मैक्स छीनकर बाहर की तरफ भाग निकला।
घायल दुकानदार ने हटरी चौक तक किया पीछा, नकाबपोश होने के कारण नहीं दिखा गाड़ी का नंबर
सिर से खून बहने के बावजूद हौसला दिखाते हुए दुकानदार अविनाश चौधरी ने तुरंत काउंटर से बाहर निकलकर बदमाशों का पीछा करने की कोशिश की. लेकिन बाहर खड़ा आरोपी पहले से ही स्कूटी स्टार्ट करके तैयार था. दोनों बदमाश पलक झपकते ही हटरी चौक की तरफ रफूचक्कर हो गए. पीड़ित दुकानदार के मुताबिक लूटे गए आईफोन की कीमत करीब 30 हजार रुपये थी. दोनों आरोपियों के चेहरे पर मास्क लगे होने के कारण पीड़ित उनकी शक्ल नहीं देख सका और हड़बड़ाहट में स्कूटी का नंबर नोट करना भी नामुमकिन साबित हुआ।
सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुटी सायबर सेल, पुलिस ने जारी किया सुरक्षा अलर्ट
डिजिटल ट्रांसफर और आईफोन लूट की इन दो बैक-टू-बैक वारदातों के बाद बिलासपुर पुलिस एक्टिव मोड में आ गई है. पुलिस की सायबर सेल और स्थानीय थानों की टीमें घटनास्थलों के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही हैं, ताकि आरोपियों के भागने के रूट और उनकी पहचान का सुराग लगाया जा सके।



