
कोरबा: भूमि अधिग्रहण को लेकर एसईसीएल (SECL) की कार्यशैली पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कड़ा रुख अपनाया है। हरदीबाजार गांव पहुंचे बघेल ने भूविस्थापितों का समर्थन करते हुए कहा कि गरीबों के अधिकारों से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रबंधन अपनी मनमानी से बाज नहीं आया तो कांग्रेस के सभी 35 विधायक हरदीबाजार में आकर धरना देंगे।
कोरबा में भूविस्थापितों का मुद्दा फिर गरमाया
कोरबा कोयला उत्पादन के लिए पहचान रखने वाला जिला है, लेकिन यहां के ग्रामीण अपनी पुश्तैनी जमीन देने के बाद भी उचित मुआवजा और पुनर्वास से वंचित हैं। वर्षों से अपनी मांगों के लिए संघर्ष कर रहे इन भूविस्थापितों के बीच रविवार को पूर्व सीएम बघेल पहुंचे। सभा स्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे जिन्होंने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं।
“एसईसीएल अफसर मनमानी कर रहे हैं”
बघेल ने आरोप लगाया कि एसईसीएल अधिकारी खुद ही जमीन और मकान की नाप-जोख कर रहे हैं, जबकि यह जिम्मेदारी राजस्व विभाग की है। उन्होंने कहा कि यह सीधी मनमानी और गुंडागर्दी है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उचित मुआवजा और नौकरी की मांग
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभावित ग्रामीणों को आज भी 2004 की दर पर मुआवजा दिया जा रहा है। यह अन्यायपूर्ण है। उन्होंने साफ कहा कि ग्रामीण जमीन देने को तैयार हैं, लेकिन पहले उन्हें सही मुआवजा, नौकरी और उचित विस्थापन दिया जाना चाहिए।
“जेल भेजने की धमकी से डरने वाले नहीं”
ग्रामीणों ने कहा….जेल में डालने की धमकी देते है, बघेल ने कहा…मेरे बेटे को जेल में डाल दिये क्या हुआ ? हरदीबाजार पहुंचे पूर्व सीएम बघेल को आंदोलन कर रहे भूविस्थापितों ने बताया कि जब वे अपनी मांग को लेकर आंदोलन करते है, तो उनके खिलाफ थाने में एफआईआर दर्ज कर उन्हे जेल भेजने की धमकी दी जाती है। ग्रामीणों की इस बात पर बघेल ने दो टूक शब्दों में कहा कि…..“जेल जाने में डराओ मत यार…..मोर बेटा ल जेल भेज दीन….का होगे, ढाई महीना हो गये। मोर बेटा तो राजनीति में नई रहीस हे, वो अपन खेती-किसानी करये, घर म रहये….कोई राजनीति म नई रहे। लेकिन ओकर बाद भी ओला जेल में डार दिन।” छत्तीसगढ़ी अपने इस संवाद के साथ पूर्व सीएम ने भूविस्थापितों को साफ किया कि सरकार जेल भेजन का डर दिखा सकती है। एक बार जेल गये…..तो फिर सरकार का ये डर भी खत्म।
महिलाओं और योजनाओं को लेकर सरकार पर निशाना
बघेल ने मंच से मौजूदा सरकार पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना के नाम पर महिलाओं को 1000 रुपये दिए जा रहे हैं, लेकिन बिजली बिल बढ़ाकर उन्हीं से 3000 रुपये वसूले जा रहे हैं। यह महिलाओं को ठगने जैसा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी ने चुनाव में वोट चोरी करके सरकार बनाई और अब जनता को इसका नुकसान उठाना पड़ रहा है।



