Dhamtari Municipal Corporation Fuel Debt Protest: धमतरी में पेट्रोल पंप के सामने कांग्रेस का प्रदर्शन: नगर निगम पर 33 लाख का उधार, कचरा गाड़ियों के पहिए थमे

Dhamtari Municipal Corporation Fuel Debt Protest: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में नगर निगम की माली हालत को लेकर सियासी बवाल मच गया है। पेट्रोल और डीजल का करीब 33 लाख रुपये का बिल बकाया होने के कारण पंप संचालक ने ईंधन देना बंद कर दिया है। इस स्थिति के विरोध में कांग्रेस पार्षदों ने पेट्रोल पंप के सामने एकत्र होकर नगर निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। विपक्ष का आरोप है कि निगम के पास अपने वाहनों में तेल डलवाने तक के पैसे नहीं बचे हैं जिससे शहर की सफाई और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं चरमरा गई हैं।

पेट्रोल पंप पर प्रदर्शन और निगम की कंगाली के आरोप

नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष के नेतृत्व में कांग्रेस पार्षदों ने अंबेडकर चौक स्थित पेट्रोल पंप पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। पार्षदों का कहना है कि अप्रैल 2023 से पंप संचालक को भुगतान नहीं किया गया है। भारी-भरकम उधारी होने के कारण अब निगम की गाड़ियों को डीजल नहीं मिल पा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि वित्तीय कुप्रबंधन की वजह से नगर निगम कर्ज के दलदल में डूब गया है और शहर की जनता को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।

साइकिल पर चलने को मजबूर हुए निगम कर्मचारी

विपक्ष ने निगम प्रशासन पर तंज कसते हुए कहा कि डीजल की कमी के कारण अब कर्मचारी काम पर जाने के लिए साइकिल का सहारा ले रहे हैं। कचरा उठाने वाली गाड़ियां और फागिंग मशीनें गैरेज में खड़ी धूल फांक रही हैं। नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि गैरेज में कई ट्रैक्टर टायर पंचर होने के कारण खड़े हैं क्योंकि उनकी मरम्मत कराने के लिए भी फंड उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। स्थिति यह है कि शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप होने की कगार पर है।

महापौर का पलटवार: ‘कांग्रेस ने विरासत में दी कंगाली’

इन गंभीर आरोपों पर महापौर ने कड़ा रुख अपनाते हुए विपक्षी दल पर पलटवार किया है। महापौर का कहना है कि वर्तमान आर्थिक संकट के लिए पिछली कांग्रेस सरकार जिम्मेदार है। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकार ने नगर निगम को खोखला कर दिया और भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया। हालांकि, महापौर ने आश्वासन दिया है कि किसी भी वेंडर का भुगतान नहीं रोका जाएगा और जल्द ही बजट का प्रबंधन कर बकाया राशि चुका दी जाएगी।

करोड़ों के विकास दावों के बीच बुनियादी सुविधाओं का संकट

कांग्रेस पार्षदों ने तंज कसते हुए कहा कि सत्ता पक्ष एक ओर शहर में करोड़ों रुपये के विकास कार्य कराने के बड़े-बड़े दावे कर रहा है, वहीं दूसरी ओर डीजल और मरम्मत जैसे छोटे खर्चों के लिए पैसे नहीं हैं। उन्होंने इसे “ट्रिपल इंजन” सरकार की विफलता बताया। पार्षदों का कहना है कि कागजों पर तो विकास की गंगा बह रही है, लेकिन हकीकत में नगर निगम के पास अपने ट्रैक्टरों के टायर बदलवाने और उनमें तेल डलवाने का सामर्थ्य भी नहीं बचा है।

पंप संचालक से मुलाकात और कमिश्नर को अल्टीमेटम

प्रदर्शन के दौरान नेता प्रतिपक्ष ने पेट्रोल पंप संचालक से भी चर्चा की और उन्हें जल्द भुगतान दिलाने का भरोसा दिलाया। विपक्ष ने चेतावनी दी है कि वे इस मामले को लेकर जल्द ही नगर निगम कमिश्नर से मुलाकात करेंगे। कांग्रेस का कहना है कि यदि जल्द ही भुगतान की प्रक्रिया शुरू नहीं की गई और शहर की व्यवस्थाएं सुचारू नहीं हुईं, तो वे आने वाले दिनों में आंदोलन को और उग्र करेंगे।

सफाई और बिजली व्यवस्था पर मंडराया खतरा

शहरवासियों के लिए सबसे बड़ी चिंता का विषय मूलभूत सेवाओं का प्रभावित होना है। डीजल न मिलने से न केवल कचरा गाड़ियां प्रभावित हुई हैं, बल्कि स्ट्रीट लाइट की मरम्मत के लिए उपयोग होने वाली क्रेन और पानी की सप्लाई देखने वाले वाहन भी नहीं चल पा रहे हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि सत्ता पक्ष और विपक्ष की इस राजनीतिक लड़ाई के बीच धमतरी शहर की जनता को गंदगी और अंधेरे में रहने को मजबूर होना पड़ सकता है।

Also Read: Kunwar Bai Dhamtari: बकरी बेचकर शौचालय बनाने वाली धमतरी की स्वच्छता दूत स्व. कुंवर बाई की प्रतिमा का होगा अनावरण, मुख्यमंत्री साय से हुई चर्चा

दक्षिण कोसल का Whatsapp Group ज्वाइन करे

Ravi Pratap Pandey

रवि पिछले 7 वर्षों से छत्तीसगढ़ में सक्रिय पत्रकार हैं। उन्होंने राज्य के सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक पहलुओं पर गहराई से रिपोर्टिंग की है। जमीनी हकीकत को उजागर करने और आम जनता की आवाज़ को मंच देने के लिए वे लगातार लेखन और रिपोर्टिंग करते रहे हैं।

Related Articles

Back to top button