
धमतरी: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले के गणेशपुर गांव में एक व्यक्ति के शव को दफनाने को लेकर ग्रामीणों और मृतक के परिवार के बीच बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। ग्रामीणों के कड़े विरोध के कारण मृतक शेषनारायण साहू का शव तीन घंटे से अधिक समय तक रखा रहा और परिजन अंतिम संस्कार नहीं कर पाए। मौके पर तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए तहसीलदार और बिरेझर पुलिस बल को बुलाया गया है।

‘बाबा’ को मानने वाले व्यक्ति का अंतिम संस्कार रोका
जानकारी के अनुसार, गणेशपुर निवासी शेषनारायण साहू का आकस्मिक निधन हो गया था। उनके परिवारजनों ने जब शव को गांव की जमीन में दफनाने की तैयारी शुरू की, तो अचानक ग्रामीणों ने उन्हें रोक दिया।
- विरोध का कारण: ग्रामीणों का कहना है कि मृतक शेषनारायण साहू गांव के रीति-रिवाजों का पालन नहीं करते थे और वे किसी ‘बाबा’ को मानते थे।
- ग्रामीणों की मांग: ग्रामीण इस बात पर अड़े हुए हैं कि जब तक मृतक का परिवार गांव के पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन करने का आश्वासन नहीं देता, तब तक शव को दफनाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

प्रशासन मौके पर मौजूद, बातचीत से समाधान की कोशिश
माहौल बिगड़ने और तनाव की सूचना पर पुलिस और तहसीलदार को तुरंत घटना स्थल पर भेजा गया। अधिकारी ग्रामीणों और मृतक के परिवार के बीच बातचीत कराकर मामले को सुलझाने का प्रयास कर रहे हैं।

मौके पर मौजूद अधिकारी स्थिति को नियंत्रित करने और दोनों पक्षों के बीच संवाद स्थापित करने में लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वे अपने रीति-रिवाजों के प्रति सजग हैं और इन्हें नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। स्थिति अभी भी तनावपूर्ण बनी हुई है और अधिकारी किसी भी प्रकार की अनहोनी को टालने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं।



