
रायपुर: छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के लगभग पांच लाख अधिकारी और कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है। अब उन्हें हर महीने वेतन अग्रिम (एडवांस) के रूप में प्राप्त करने की सुविधा मिलेगी। इस फैसले से कर्मचारियों को परिवार के स्वास्थ्य, शिक्षा और आकस्मिक जरूरतों के खर्च पूरे करने में आसानी होगी। मंत्रालय महानदी भवन में हुई कैबिनेट बैठक में वित्त विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
बैंक से जुड़ी होगी सुविधा
सरकार ने तय किया है कि शासकीय सेवकों को बैंकों और वित्तीय संस्थाओं से वेतन के विरुद्ध अल्पावधि ऋण (शॉर्ट टर्म लोन) उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए वित्त विभाग को अधिकृत किया गया है। पात्र बैंकों या वित्तीय संस्थाओं के साथ एमओयू किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, शुरुआत स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) से होने की संभावना है।
अन्य राज्यों में पहले से लागू
यह व्यवस्था देश के कुछ राज्यों जैसे गोवा और गुजरात में पहले से लागू है। छत्तीसगढ़ के कर्मचारी लंबे समय से इस सुविधा की मांग कर रहे थे। हाल ही में राज्य कर्मचारी फेडरेशन के संयोजक कमल वर्मा ने वित्त मंत्री ओपी चौधरी को इस संबंध में ज्ञापन भी सौंपा था।
राहत की उम्मीद
सरकारी कर्मचारियों का मानना है कि एडवांस वेतन मिलने से आकस्मिक हालात में आर्थिक दबाव काफी हद तक कम होगा। सरकार को उम्मीद है कि इससे कर्मचारियों की संतुष्टि और कार्यक्षमता दोनों में बढ़ोतरी होगी।



