CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की 10 बड़ी खबर रायगढ़ में अदाणी की दो कोयला खदानों को मंजूरी और 52 हजार पेड़ कटने का संकट, बीमा क्लेम के नाम पर कमीशनखोरी में पूर्व टीआई गिरफ्तार, सीएसएमसीएल के पूर्व एमडी अरुणपति त्रिपाठी 182 करोड़ के ओवरटाइम भुगतान घोटाले में गिरफ्तार, दुर्ग के स्कूल में चॉकलेट बोलकर नशीली दवा खिलाने से 8 बच्चों की तबीयत बिगड़ी, एक आईसीयू में, महतारी वंदन योजना में 27 हजार अपात्रों से 9 करोड़ रुपये की वसूली शुरू, नारायणपुर के जंगलों से भारी मात्रा में नक्सली हथियार और 78 मेमोरी कार्ड बरामद, भिलाई शिक्षा विभाग के 331 कर्मचारियों पर एचआरए घोटाले की जांच शुरू, स्वास्थ्य विभाग का बड़ा एक्शन, 11 दवाइयां और इंजेक्शन तीन साल के लिए ब्लैकलिस्ट, सीएसवीटीयू में नए सत्र से एडमिशन के लिए एबीसी और अपार आईडी अनिवार्य, 3200 करोड़ के शराब घोटाले में कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल गिरफ्तार, हवाला से 800 करोड़ दिल्ली भेजने का आरोप समेत पढ़ें छत्तीसगढ़ की बड़ी खबरें…

CG Top 10 News Today: छत्तीसगढ़ की सभी बड़ी और छोटी खबरें रोजाना हमारी नजर में रहती हैं। दक्षिण कोसल के विशेष सेगमेंट ‘CG की 10 बड़ी खबरें’ में हम आपको समाचार जगत की हर गतिविधि का अपडेट सरल और सहज भाषा में प्रदान करेंगे। तो आइए, पत्रकारिता की इस दुनिया में बने रहें और छत्तीसगढ़ की हर ताजातरीन खबर से अपनी जानकारी को और विस्तृत करे
छत्तीसगढ़ में अदाणी की दो कोयला खदानों को मंजूरी, कटेंगे 52 हजार पेड़
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में 1000 हेक्टेयर से ज्यादा वन भूमि पर कोयला खनन का रास्ता साफ हो गया है। केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय की वन सलाहकार समिति ने अदाणी समूह से जुड़ी दो बड़ी कोयला परियोजनाओं को पहले चरण की मंजूरी दे दी है। इस फैसले के बाद तमनार हसील के घने जंगलों में 52,000 से अधिक पेड़ों की कटाई का संकट खड़ा हो गया है। इस मंजूरी के तहत पेलमा ओपनकास्ट खदान के लिए 360 हेक्टेयर से ज्यादा वन भूमि तय की गई है। एसईसीएल ने साल 2023 में इस खदान को चलाने के लिए अदाणी एंटरप्राइजेज की सहायक कंपनी पेलमा कोलियरीज के साथ समझौता किया था। वहीं, पुरुंगा भूमिगत कोयला ब्लॉक के लिए 620 हेक्टेयर से ज्यादा वन भूमि मांगी गई है, जो अदाणी समूह की कंपनी अंबुजा सीमेंट्स लिमिटेड की परियोजना है। दोनों परियोजनाओं को वन्यजीव और पर्यावरण से जुड़ी शर्तों के साथ मंजूरी दी गई है। अंतिम मंजूरी दूसरे चरण के नियमों और प्रतिपूरक वनीकरण की शर्तें पूरी होने के बाद मिलेगी। यह पूरा इलाका घने जंगलों और केलो नदी के पास स्थित है, जिससे पर्यावरण को भारी नुकसान होने की आशंका है। स्थानीय ग्रामीण इस परियोजना का कड़ा विरोध कर रहे हैं। जून में हुई जनसुनवाई के दौरान भी ग्रामीणों ने नाराजगी जताई थी। लोगों का कहना है कि वे विकास के नाम पर अपनी जमीन और आजीविका नहीं छोड़ना चाहते।
इंश्योरेंस क्लेम दिलाने के नाम पर कमीशनखोरी, पूर्व टीआई गिरफ्तार
नारायणपुर जिले में पुलिस विभाग से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है। सैलरी पैकेज इंश्योरेंस क्लेम दिलाने के नाम पर कमीशन मांगने के आरोप में नारायणपुर के पूर्व थाना प्रभारी सुरेश चंद यादव को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इस मामले में एक वकील के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि तत्कालीन नगर निरीक्षक सुरेश चंद यादव ने बीमा राशि का क्लेम पास कराने के बदले कमीशन की मांग की थी। नारायणपुर के नए एसपी संदीप पटेल ने इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने धोखाधड़ी समेत कई अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एसपी संदीप पटेल ने बताया कि निष्पक्ष जांच के बाद दोषी पाए जाने पर इंस्पेक्टर को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधिकारी पर ही इस तरह के गंभीर आरोप लगने से विभाग की छवि पर असर पड़ा है, लेकिन एसपी की इस सख्त कार्रवाई से जिले में ईमानदारी का संदेश भी गया है।
ओवरटाइम भुगतान घोटाला: सीएसएमसीएल के पूर्व एमडी अरुणपति त्रिपाठी गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड में हुए कथित ओवरटाइम भुगतान घोटाले में आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच एजेंसी ने सीएसएमसीएल के तत्कालीन प्रबंध संचालक अरुणपति त्रिपाठी को गिरफ्तार कर लिया है। कोर्ट ने त्रिपाठी को 20 जुलाई 2026 तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। यह मामला साल 2019-20 से 2023-24 के बीच मैनपावर एजेंसियों को किए गए 182.98 करोड़ रुपये के अतिरिक्त भुगतान से जुड़ा है। इसमें से 101.20 करोड़ रुपये सिर्फ ओवरटाइम के नाम पर दिए गए थे। इसके अलावा बोनस के रूप में 12.21 करोड़ रुपये और सर्विस चार्ज के रूप में 15.11 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया था। इस मामले की शुरुआत प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई के बाद हुई, जब 29 नवंबर 2023 को रायपुर में तीन लोगों से 28.80 लाख रुपये नकद मिले थे। ईडी से मिले इनपुट के बाद ईओडब्ल्यू ने मामला दर्ज किया था। इस घोटाले में सुमित फैसिलिटीज और प्राइमवन वर्कफोर्स जैसी पांच बड़ी मैनपावर एजेंसियों की भूमिका की जांच की जा रही है। आरोप है कि अतिरिक्त भुगतान का एक बड़ा हिस्सा कमीशन के रूप में सिंडिकेट तक पहुंचता था। ईओडब्ल्यू इस मामले में अनवर ढेबर और नवीन प्रताप सिंह तोमर समेत 12 आरोपियों के खिलाफ पहले ही चार्जशीट दाखिल कर चुकी है।
स्कूल में चॉकलेट बोलकर खिलाई नशीली दवा, 8 बच्चों की तबीयत बिगड़ी
दुर्ग के पंचशील नगर स्थित शासकीय चंद्रशेखर आजाद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में एक गंभीर घटना सामने आई है। कक्षा 10वीं के एक छात्र ने अपने सहपाठियों को चॉकलेट बताकर कोई प्रतिबंधित नशीली दवा खिला दी। दवा खाने के बाद 8 छात्रों की तबीयत अचानक बिगड़ गई। सभी को चक्कर आने और शरीर में अकड़न की शिकायत के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में भर्ती कराए गए बच्चों में से चार को प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया है, जबकि चार बच्चों का इलाज अब भी चल रहा है। इनमें से एक छात्र की हालत ज्यादा खराब होने के कारण उसे आईसीयू में रखा गया है। स्कूल की प्राचार्या नलिनी वर्मा ने बताया कि शिक्षकों को इस बात की पहले से कोई जानकारी नहीं थी। घटना के बाद प्रशासन को सूचित कर दिया गया है। कोतवाली थाना पुलिस ने आरोपी छात्र के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि नाबालिग छात्र के पास यह प्रतिबंधित दवा कहां से आई। इस घटना पर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने भी चिंता जताई है और गृह विभाग से स्कूलों में नशीले पदार्थों की सप्लाई रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की मांग की है।
महतारी वंदन योजना में फर्जीवाड़ा: 27 हजार अपात्रों से होगी 9 करोड़ की वसूली
छत्तीसगढ़ की महत्वाकांक्षी महतारी वंदन योजना में एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। दस्तावेजों और केवाईसी की जांच के दौरान पता चला है कि लगभग 27 हजार अपात्र महिलाओं ने इस योजना का गलत तरीके से लाभ लिया। सरकार ने इन सभी के खातों में राशि भेजना रोक दिया है और अब तक 9 करोड़ रुपये की वसूली कर ली है, जबकि 8 करोड़ रुपये की वसूली अभी बाकी है। जिलों के आंकड़ों के अनुसार, सबसे ज्यादा 2 हजार 883 अपात्र मामले रायपुर जिले में मिले हैं। इसके बाद रायगढ़ में 1 हजार 17 और नारायणपुर में 404 अपात्र महिलाएं पाई गई हैं। जांच में सामने आया कि सबसे ज्यादा 15 हजार 36 आवेदन इसलिए अपात्र हुए क्योंकि एक ही महिला ने दो या उससे ज्यादा बार आवेदन कर दिया था। इसके अलावा 6 हजार 946 सरकारी कर्मचारियों के परिवारों ने और 819 आयकरदाताओं ने भी गलत तरीके से लाभ लिया था। इस योजना के तहत वर्तमान में छत्तीसगढ़ की 68 लाख 54 हजार से अधिक पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जा रही है। सरकार ने अब केवाईसी के नियमों को और कड़ा कर दिया है ताकि भविष्य में ऐसी गड़बड़ियों को रोका जा सके।
नारायणपुर के जंगलों से भारी मात्रा में नक्सली हथियार और मेमोरी कार्ड बरामद
नारायणपुर जिले में सुरक्षाबलों को एक बड़ी सफलता मिली है। सर्च ऑपरेशन के दौरान जवानों ने नक्सलियों का एक बड़ा डंप बरामद किया है। कोहकामेटा थाना क्षेत्र के कदेर गांव के जंगलों में जमीन के नीचे छिपाकर रखे गए इस डंप से 8 बंदूकें, भारी मात्रा में कारतूस और 78 मेमोरी कार्ड मिले हैं। इस संयुक्त ऑपरेशन को सीमा सुरक्षा बल की 133वीं वाहिनी और जिला पुलिस बल ने मिलकर अंजाम दिया। जवानों को डंप से एक .303 राइफल, छह .315 राइफल, एक 12 बोर बंदूक और दो बीजीएल लॉन्चर मिले हैं। इसके साथ ही अलग-अलग बोर के 150 से ज्यादा कारतूस और 6 पेन ड्राइव भी बरामद हुई हैं। इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस में 4 जीबी से लेकर 1 टीबी तक का डेटा स्टोर करने की क्षमता है। डंप से 44 बीजीएल शेल भी मिले थे, जिन्हें सुरक्षा के लिहाज से बम निरोधक दस्ते ने मौके पर ही ब्लास्ट करके नष्ट कर दिया। इसके अलावा मौके से नक्सली साहित्य, दवाइयां, एक होंडा जनरेटर का मैनुअल और नक्सली वर्दी भी जब्त की गई है।
भिलाई शिक्षा विभाग में एचआरए घोटाला, 331 कर्मचारियों के रिकॉर्ड की जांच शुरू
दुर्ग जिले के भिलाई में शिक्षा विभाग के कर्मचारियों को दिए गए गृह भाड़ा भत्ता में बड़ी गड़बड़ी की शिकायत सामने आई है। आरोप है कि बीएसपी और हिंदुस्तान स्टील कंस्ट्रक्शन लिमिटेड के सरकारी आवासों में रहने के बावजूद 331 कर्मचारी हर महीने एचआरए का लाभ ले रहे थे। राज्य पेंशनर एवं कल्याण संघ की शिकायत के बाद संभागीय संयुक्त संचालक कार्यालय ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है। नियमों के मुताबिक, यदि किसी सरकारी कर्मचारी को विभाग या संस्थान की तरफ से रहने के लिए मकान दिया गया है, तो वह अलग से मकान किराया भत्ता नहीं ले सकता। विभाग अब इन सभी 331 कर्मचारियों के वेतन बिल, सर्विस बुक और आवास आवंटन के दस्तावेजों की पड़ताल कर रहा है।शिकायतकर्ता का दावा है कि यह गड़बड़ी लंबे समय से चल रही थी, जिससे शासन को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। जांच में दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों से भत्ते की पूरी राशि वसूल की जाएगी और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई भी हो सकती है।
छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य विभाग का बड़ा फैसला, 11 दवाइयां तीन साल के लिए बैन
छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन ने सरकारी अस्पतालों में समय पर दवाओं की सप्लाई न करने वाली कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की है। विभाग ने 11 तरह की दवाओं और इंजेक्शन को अगले तीन साल के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया है। हालांकि, इस कार्रवाई में एक तकनीकी पेंच यह है कि सिर्फ दवाओं के प्रोडक्ट को बैन किया गया है, उन्हें बनाने वाली कंपनियों पर कोई रोक नहीं लगाई गई है। सीजीएमएससी के अधिकारियों का कहना है कि वर्तमान नियमों में सीधे कंपनियों को प्रतिबंधित करने का प्रावधान नहीं है। इस फैसले के बाद स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। पिछले साल भी विभाग में 660 करोड़ रुपये के मेडिकल उपकरण और रीएजेंट घोटाले का मामला सामने आया था, जिसमें 7 कंपनियों को बाहर किया गया था। ब्लैकलिस्ट की गई दवाओं में हिपेरिन इंजेक्शन भी शामिल है, जो दिल के मरीजों के खून को पतला करने के काम आता है। डॉक्टरों ने इस इंजेक्शन की क्वालिटी को खराब बताते हुए इसे मरीजों के लिए खतरनाक घोषित किया था। इस मामले की गूंज बिलासपुर हाईकोर्ट तक भी पहुंच चुकी है, जहां एक लैब पर जुर्माना लगाया गया था।
सीएसवीटीयू में एडमिशन के नियम बदले, अब एबीसी और अपार आईडी जरूरी
छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय ने नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 से दाखिले की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। अब विश्वविद्यालय और उससे संबद्ध सभी कॉलेजों में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट आईडी और अपार आईडी अनिवार्य कर दी गई है। इसके बिना छात्रों का नामांकन नहीं हो सकेगा। विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी प्राचार्यों को निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे कक्षाएं शुरू होने से पहले नए छात्रों की यह डिजिटल आईडी बनवाना सुनिश्चित करें। इसका मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत छात्रों के पूरे शैक्षणिक रिकॉर्ड को डिजिटल लॉकर से जोड़ना है ताकि ट्रांसफर या क्रेडिट स्कोर ट्रांसफर करने में कोई परेशानी न हो। छात्रों को एडमिशन फॉर्म भरते समय अपनी सही आईडी की जानकारी देनी होगी। विश्वविद्यालय ने साफ किया है कि गलत या अधूरी जानकारी देने पर नामांकन निरस्त किया जा सकता है, इसलिए छात्र अपने दस्तावेजों को पहले ही अपडेट कर लें।
छत्तीसगढ़ शराब घोटाला: कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित 3200 करोड़ रुपये के शराब घोटाला मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो ने कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया है। ईओडब्ल्यू का आरोप है कि रामगोपाल अग्रवाल ने घोटाले की लगभग 800 करोड़ रुपये की रकम हवाला नेटवर्क के जरिए दिल्ली भेजी थी। कोर्ट ने उन्हें 22 जुलाई 2026 तक की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। जांच एजेंसी के अनुसार, रामगोपाल अग्रवाल ने पार्टी फंड और अन्य माध्यमों के नाम पर अवैध वसूली की थी। इस मोटी रकम को नकद में इधर-उधर करने के बजाय दिल्ली के एक प्रभावशाली राजनीतिक चेहरे तक पहुंचाने के लिए हवाला ऑपरेटरों का इस्तेमाल किया गया था। यह पैसा अलग-अलग किश्तों में बेहद गोपनीय तरीके से भेजा जाता था।ईओडब्ल्यू को रामगोपाल अग्रवाल के करीबियों और उनके अकाउंटेंट से कई पुख्ता सबूत मिले हैं। बयानों से यह भी पता चला है कि इस पैसे का एक बड़ा हिस्सा बेनामी संपत्तियों और दूसरे राज्यों के चुनावों में निवेश किया गया था। ईओडब्ल्यू अब रिमांड अवधि के दौरान सरकारी गवाहों के साथ रामगोपाल अग्रवाल का आमना-सामना कराएगी ताकि दिल्ली कनेक्शन के मुख्य चेहरे का पता लगाया जा सके।



