
CG Electricity Bill Price Hike: छत्तीसगढ़ के करीब 76 लाख बिजली उपभोक्ताओं को जुलाई के महीने से एक बड़ा झटका लगने जा रहा है. छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग द्वारा मंजूर की गई बिजली की नई दरें 1 जुलाई 2026 से पूरे प्रदेश में प्रभावी हो जाएंगी. नए टैरिफ के मुताबिक अलग-अलग श्रेणियों के बिजली बिलों में औसतन 6.23 प्रतिशत का इजाफा किया गया है जिसके चलते आम जनता को अब प्रति यूनिट 30 से 50 पैसे तक अधिक जेब ढीली करनी होगी. हालांकि दरों में बढ़ोतरी के बीच विद्युत कंपनी ने नियमों में कुछ ऐसे बदलाव भी किए हैं जिससे उपभोक्ताओं को सीधे तौर पर बड़ी राहत मिलेगी.
लेट पेमेंट पर अब महीने के बजाय केवल दिनों के आधार पर लगेगा सरचार्ज
अब तक तय तारीख के बाद बिजली बिल जमा करने पर उपभोक्ताओं से सीधे 1.5 फीसदी की मासिक दर से पूरा सरचार्ज वसूल किया जाता था, भले ही बिल चुकाने में सिर्फ एक दिन की ही देरी क्यों न हुई हो. नए नियम के लागू होने के बाद इस व्यवस्था को खत्म कर दिया गया है. अब उपभोक्ताओं पर प्रतिदिन के हिसाब से महज 0.04 फीसदी की दर से लेट फीस लगाई जाएगी. इसका सीधा मतलब यह है कि उपभोक्ता तय समय के बाद जितने दिन देर से अपना बिल पटाएगा, उसे सिर्फ उतने ही दिनों का ब्याज देना होगा जिससे फिजूल का आर्थिक बोझ कम होगा.
हॉस्टल, कॉलोनियों और स्ट्रीट लाइट को कमर्शियल से हटाकर घरेलू श्रेणी में डाला
नए नियमों के तहत स्थानीय निकायों के दफ्तरों, हाउसिंग बोर्ड की कॉलोनियों में लगी स्ट्रीट लाइट और सार्वजनिक पेयजल व्यवस्था के लिए दिए जाने वाले कनेक्शनों को व्यावसायिक श्रेणी से बाहर कर दिया गया है. 1 जुलाई से इन सभी को घरेलू दरों की श्रेणी में शामिल किया जा रहा है. इसके अतिरिक्त ग्रामीण इलाकों और बस्तर संभाग के अंतर्गत संचालित होने वाले सभी छात्रवासों (हॉस्टलों) को भी अब घरेलू दरों पर ही बिजली की सप्लाई की जाएगी जिससे संस्थाओं का मासिक खर्च काफी कम हो जाएगा.
दो साल पुराने अस्थायी कनेक्शनों को परमानेंट टैरिफ का मिलेगा फायदा
विद्युत कंपनी ने अस्थाई कनेक्शन लेने वाले मध्यमवर्गीय परिवारों को भी राहत दी है. घर के निर्माण कार्य या अन्य घरेलू जरूरतों के लिए पंखे और बत्ती के जो अस्थायी कनेक्शन लिए जाते हैं, यदि वे लगातार 2 वर्ष की अवधि पूरी कर लेते हैं तो उन पर से अस्थाई दरें हटा दी जाएंगी. दो साल पूरे होते ही इन कनेक्शनों पर सामान्य घरेलू टैरिफ के नियम लागू हो जाएंगे जिससे उनका बिल आधा हो जाएगा. इसके साथ ही 10 किलोवाट से अधिक लोड वाले ग्राहकों को सुबह 9 से शाम 5 बजे के बीच बिजली इस्तेमाल करने पर ऊर्जा प्रभार में 20 पैसे प्रति यूनिट की छूट दी जाएगी.
छत पर सोलर पैनल लगाने वालों को अगले बिल में मिलकर आएगा क्रेडिट
प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से जुड़े लोगों के लिए भी एक अच्छी खबर सामने आई है. सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (सेकी) ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ग्रिड में भेजी जाने वाली अतिरिक्त सोलर बिजली की खरीद दरें तय कर दी हैं. आम उपभोक्ताओं के घरों की छतों पर बने प्लांट से जो बिजली सरकारी ग्रिड में जाएगी, उसकी कीमत का आकलन कर वह राशि सीधे उपभोक्ताओं के अगले महीने के बिजली बिलों में घटा दी जाएगी जिससे उनका शुद्ध देय बिल बेहद कम या शून्य हो जाएगा.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बिजली बिल समाधान योजना को तीन महीने बढ़ाया
कबीर जयंती महोत्सव के दौरान सोनपैरी स्थित कबीर आश्रम पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राज्य के बकायादार बिजली उपभोक्ताओं के हित में एक बड़ा एलान किया है. मुख्यमंत्री ने ‘बिजली बिल भुगतान समाधान योजना’ की समय सीमा को आगामी तीन महीनों के लिए और बढ़ाने की घोषणा की है. इस फैसले के बाद जिन उपभोक्ताओं के पुराने बिजली बिल लंबे समय से बकाया चल रहे हैं, वे इस योजना का लाभ उठाकर बिना किसी अतिरिक्त सरचार्ज या पेनाल्टी के अपने लंबित बिलों की मूल राशि का एकमुश्त निपटारा आसानी से कर सकेंगे.
यहाँ 1 जुलाई 2026 से छत्तीसगढ़ में लागू होने वाली नई घरेलू बिजली दरों का पूरा ब्यौरा दिया गया है:
| कुल यूनिट खपत | पुरानी दर (रुपये/यूनिट) | नई दर (रुपये/यूनिट) | प्रति यूनिट बढ़ोतरी |
| 0 से 100 यूनिट | ₹4.10 | ₹4.40 | 30 पैसे |
| 101 से 200 यूनिट | ₹4.20 | ₹4.50 | 30 पैसे |
| 201 से 400 यूनिट | ₹5.60 | ₹6.00 | 40 पैसे |
| 401 से 600 यूनिट | ₹6.60 | ₹7.00 | 40 पैसे |
| 601 यूनिट से अधिक | ₹8.30 | ₹8.80 | 50 पैसे |
यहाँ छत्तीसगढ़ राज्य के अंतर्गत वर्तमान में मौजूद विभिन्न श्रेणियों के कुल बिजली उपभोक्ताओं के आंकड़े दिए गए हैं:
| उपभोक्ता श्रेणी | कुल कनेक्शन संख्या |
| घरेलू निम्न दाब (LT – आम घर) | लगभग 65 लाख |
| घरेलू उच्च दाब (HT – बड़ी कॉलोनियां/अपार्टमेंट) | 4,151 |
| गैर-घरेलू (कमर्शियल – दुकानें और दफ्तर) | करीब 5 लाख |
| कृषि पंप उपभोक्ता (किसान भाई) | करीब 6 लाख |



