
CG School Holiday Order: चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के गंभीर खतरे को देखते हुए छत्तीसगढ़ में स्कूली विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। मौसम विभाग द्वारा भारी से अति भारी बारिश और पचास से नब्बे किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी किए जाने के बाद राज्य के दंतेवाड़ा, बीजापुर, बालोद, कांकेर, धमतरी, राजनांदगांव और मोहला-मानपुर जिलों में बुधवार अट्ठाइस अक्टूबर को सभी शासकीय व अशासकीय स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया गया है।
धमतरी और बालोद के स्कूलों में अवकाश
CG Cyclone Arnab School Closed: धमतरी जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी होने और पचास से साठ किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने की आशंका को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने सभी शैक्षणिक संस्थानों को बंद रखने का आदेश जारी किया है। इसी तरह बालोद जिले के जिला शिक्षा अधिकारी ने भी सभी शासकीय, अशासकीय और अनुदान प्राप्त विद्यालयों में छात्रों के लिए अवकाश घोषित किया है। हालांकि बालोद जिले में प्रशासनिक कार्यप्रणाली को बनाए रखने के लिए शिक्षकों की उपस्थिति अनिवार्य रखी गई है।
राजनांदगांव, कांकेर और मोहला-मानपुर में भी बंद रहेंगे स्कूल
राजनांदगांव, कांकेर, दंतेवाड़ा, बीजापुर और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिलों में भी तूफानी बारिश के सीधे प्रभाव को देखते हुए कलेक्टरों के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारियों ने स्कूलों की छुट्टी का पृथक आदेश जारी किया है। प्राथमिक से लेकर हायर सेकेंडरी स्तर तक के सभी संस्थानों में विद्यार्थियों को स्कूल न आने की सलाह दी गई है, ताकि आंधी-तूफान और आकाशीय बिजली के खतरे से बच्चों का बचाव किया जा सके।

राज्य सरकार ने कलेक्टरों को दिए निर्देश
मौसम के बिगड़ते मिजाज के बीच राज्य शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी जिलों के कलेक्टरों को आधिकारिक पत्र जारी किया है। शासन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि छात्रों की सुरक्षा सबसे पहली प्राथमिकता है। कलेक्टर अपने-अपने जिलों की स्थानीय मौसमी परिस्थितियों, वर्षा के आंकड़ों और संभावित जोखिमों का आकलन करके आवश्यकतानुसार स्कूलों में स्थानीय स्तर पर अवकाश घोषित करने के लिए स्वतंत्र हैं।
अगले दो दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार चक्रवाती तूफान के असर से अगले दो दिनों तक छत्तीसगढ़ के कई संभागों में मूसलाधार बारिश का दौर बना रहेगा। इस दौरान तीस से नब्बे किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने, गरज-चमक और वज्रपात होने की पूरी संभावना है। मौसम विभाग ने नागरिकों को आपदा संभावित क्षेत्रों में न जाने और सुरक्षित स्थानों पर बने रहने की सलाह दी है।
प्रशासन ने नागरिकों से की सावधानी की अपील
संभावित आपदा से निपटने के लिए सभी संबंधित जिलों के प्रशासनिक अमले और आपदा प्रबंधन टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। जिला प्रशासन ने नागरिकों और अभिभावकों से अपील की है कि वे बेहद जरूरी काम न होने पर घरों से बाहर निकलने से बचें। इसके साथ ही पुराने मकानों, जलभराव वाले क्षेत्रों और पेड़ों के नीचे रुकने से परहेज करने के विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।



