
Baal Aadhaar Card 2026: भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण द्वारा देश के सभी नागरिकों के लिए पहचान पत्र के रूप में आधार जारी किया जाता है। आधार बनवाने के लिए उम्र की कोई न्यूनतम सीमा तय नहीं की गई है, यानी नवजात शिशु का भी जन्म के तुरंत बाद आधार बनवाया जा सकता है। 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए जारी किए जाने वाले इस विशेष पहचान पत्र को ‘बाल आधार’ कहा जाता है। वयस्कों के सामान्य आधार से अलग पहचान देने के लिए इसे नीले रंग में जारी किया जाता है।
नीले आधार में बायोमेट्रिक डेटा की नहीं होती आवश्यकता
Blue Aadhaar Card Rules: बाल आधार की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें छोटे बच्चों के फिंगरप्रिंट और आंखों की पुतलियों यानी आइरिस का बायोमेट्रिक स्कैन नहीं लिया जाता। ऐसा इसलिए है क्योंकि 5 साल से कम उम्र में बच्चों के बायोमेट्रिक निशान पूरी तरह विकसित नहीं होते हैं। इस कार्ड में केवल बच्चे की तस्वीर दर्ज की जाती है और बच्चे के इस दस्तावेज को माता या पिता में से किसी एक के आधार से लिंक किया जाता है।
स्कूल दाखिले और सरकारी योजनाओं में आता है काम
UIDAI New Updates: बाल आधार बच्चों के लिए एक महत्वपूर्ण पहचान दस्तावेज के रूप में कार्य करता है। इसका सबसे मुख्य उपयोग स्कूलों में दाखिले के समय पहचान पत्र के रूप में होता है। इसके अलावा बच्चों के नाम से संचालित होने वाली विभिन्न सरकारी और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने, पासपोर्ट बनवाने तथा यात्रा के दौरान आयु प्रमाण पत्र के तौर पर भी इसका इस्तेमाल किया जाता है।
बाल आधार बनवाने के लिए आवश्यक दस्तावेज
बाल आधार कार्ड के लिए आवेदन करते समय कुछ जरूरी दस्तावेजों की आवश्यकता होती है। मुख्य दस्तावेजों की सूची इस प्रकार है:
- बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र या अस्पताल की डिस्चार्ज स्लिप।
- माता या पिता में से किसी एक का वैध आधार कार्ड।
- पते के सत्यापन के लिए माता-पिता का वैध एड्रेस प्रूफ।
- बच्चे और माता-पिता के संबंध को दर्शाने वाला कोई अधिकृत दस्तावेज।
इस तरह करें बाल आधार के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन
Baal Aadhaar Apply Online: बाल आधार बनवाने के लिए माता-पिता आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने नजदीकी सेवा केंद्र के लिए ऑनलाइन अपॉइंटमेंट बुक कर सकते हैं। तय समय पर बच्चे और सभी मूल दस्तावेजों के साथ केंद्र पहुंचना होता है। वहां केंद्र संचालक बच्चे की फोटो खींचेगा और माता-पिता के दस्तावेज सत्यापित कर आवेदन जमा कर लेगा। बाल आधार के नए नामांकन के लिए सरकार की ओर से कोई शुल्क नहीं लिया जाता, यह सेवा पूरी तरह नि:शुल्क है।
5 साल की उम्र पूरी होने पर बायोमेट्रिक अपडेट कराना अनिवार्य
जब बच्चा 5 वर्ष की आयु पूरी कर लेता है, तो बाल आधार को सामान्य आधार में बदलने के लिए बायोमेट्रिक अपडेट कराना अनिवार्य होता है। इस प्रक्रिया में बच्चे के दसों उंगलियों के निशान और आंखों की पुतलियों का स्कैन दर्ज किया जाता है। 5 साल और उसके बाद 15 साल की उम्र पूरी होने पर यह बायोमेट्रिक अपडेट पूरी तरह से अनिवार्य और नि:शुल्क होता है, जिससे बच्चे का आधार कार्ड आजीवन मान्य रहता है।



